पहलगाम में 22 अप्रैल हुए आतंकवादी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ी तनातनी के चलते एक मां अपनी बेटी से बिछड़ गई। भारत सरकार के 48 घंटे के अंदर पाकिस्तानी नागरिकों को भारत छोड़ने के आदेश के बाद डेढ़ साल की बेटी को अपनी मां को छोड़ना पड़ा। अब यह डेढ़ साल की बेटी अपने पिता के पास पाकिस्तान में रहेगी। डेढ़ साल की आदर्शिनी को अब मां की गोद छोड़कर पाकिस्तान निवासी अपने पिता के पास रहना होगा।
श्रीगंगानगर के जैतसर कस्बे के 3 एलसी निवासी भौर रश्मि को अब अपनी पाकिस्तानी बेटी को वापस पाकिस्तान भेजना पड़ेगा। भौर रश्मि की शादी करीब 3 साल पहले पाकिस्तान के उमरकोट निवासी धनपत सोडा के साथ हुई। जिसके बाद पाकिस्तान में उसकी बच्ची आदर्शिनी का जन्म हुआ। अपने माता पिता के पास 3 अप्रैल को भारत आई
भौर रश्मि अपनी 1.5 वर्षीय बच्ची के साथ 3 अप्रैल को भारत आ गई थी। तब तक भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्तों में इतनी दरार नहीं थी। लेकिन 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान के रिश्तों के बीच आई दरार के बाद अब मां-बेटी को अलग अलग देश में रहना पड़ेगा। क्योंकि बच्ची के पाकिस्तान में जन्म होने के कारण वह पाकिस्तानी नागरिक है। वहीं बच्ची की मां भौर रश्मि के पास भारतीय नागरिकता है। ऐसे में भारत सरकार के आदेशों के चलते 48 घंटे के भीतर पुनः अपने वतन लौटने के आदेश जारी होने के बाद अब बच्ची को वापस पाकिस्तान जाना पड़ेगा।


