भास्कर न्यूज | पबिया केन्दबोना गांव में मंगलवार को दानवीर भामाशाह की जयंती धूमधाम से मनाई गई। कार्यक्रम में सैकड़ों लोग शामिल हुए। वक्ताओं ने भामाशाह के जीवन और देशभक्ति पर प्रकाश डाला। बताया गया कि उनका जन्म 29 अप्रैल 1547 को मेवाड़ में हुआ था। उनके पिता भारमल कवाडिया रणथंभौर किले के गढ़पति थे। हल्दीघाटी युद्ध के बाद जब महाराणा प्रताप आर्थिक संकट में थे, तब भामाशाह ने उन्हें बड़ी धनराशि दी। इससे महाराणा प्रताप ने सेना खड़ी की और मुगलों से फिर से लड़ा। भामाशाह मेवाड़ राज्य के कोषाध्यक्ष थे। वे बुद्धिमान, दूरदर्शी और उदार व्यक्ति थे। उन्होंने यह साबित किया कि देश सेवा केवल तलवार से नहीं, धन और समर्पण से भी होता है। कार्यक्रम की अध्यक्षता चांदो मंडल ने की। उपाध्यक्ष कृष्णा साहू और बाबा नायक जनकल्याण समिति के संस्थापक दुबराज मंडल की अगुवाई में गांव के सहयोग से भामाशाह की प्रतिमा और चबूतरे का निर्माण किया गया। दुबराज मंडल ने कहा कि भामाशाह महाराणा प्रताप के परम मित्र और सच्चे देशभक्त थे। उनकी निस्वार्थ सेवा आज भी प्रेरणा देती है। पहलगाम में हुए आतंकी हमले में मारे गए लोगों को दी गई श्रद्धांजलि कार्यक्रम के दौरान पहलगाम में हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा की गई। शहीदों को श्रद्धांजलि देते हुए दो मिनट का मौन रखा गया। मौके पर कृष्णा साहू, पंचानंद शंभू माझी, तपेश मंडल, गणेश मंडल, पुष्पा कुमारी, बुद्धो मंडल, आभा आर्या देवी, वीरेन मंडल, सुभाष माझी, मधु रावत, बैजनाथ मंडल, प्रदीप कुमार मंडल, जितेन मंडल, विजय मंडल, अरुण शाह, तापस मंडल, बीएन मंडल, गंगाधर मंडल, संतोष मंडल, मनोरंजन मंडल, उदय मंडल, निमाई मंडल, माधव चंद्र तेली, जगदीप मंडल, जगदीश मंडल, प्रेम मंडल, गणेश चंद्र मंडल, रणजीत राणा, पुष्पा मंडल, कैलाश ठाकुर, राजेश मंडल, रमेश भंडारी, मंतोष मंडल, गौरीशंकर मंडल, धनंजय मंडल, गोला मंडल, राजकुमार मंडल, अधिवक्ता वेद प्रकाश मंडल, सुकुमार मंडल, बलराम मंडल, तपन मंडल, विनोद मंडल, घनश्याम मंडल, प्रहलाद मंडल, चरण मंडल, राजेन मंडल, मुकेश मंडल, मुन्ना मंडल, मुकेश रावत सहित कई लोग मौजूद रहे।


