कांकेर के ग्राम डुमाली में आयोजित समाधान शिविर में सांसद भोजराज नाग ने पीएचई विभाग के कर्मचारी को फटकार लगाई। सांसद ने जब जल जीवन मिशन से जुड़ी जानकारी मांगी, तो मौजूद कर्मचारी गौरव ठाकुर के पास कोई जवाब नहीं था। इस पर सांसद ने नाराजगी जताते हुए अधिकारी को तुरंत मौके पर बुलाने के निर्देश दिए। सांसद नाग ने कहा कि अधिकारी अक्सर समस्या आने पर सिर्फ पत्र लिखकर आगे बढ़ा देते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि जब तक समस्या का समाधान नहीं होगा, उसे निपटा हुआ नहीं माना जाएगा। उन्होंने जल समस्या सहित सभी मुद्दों को गंभीरता से लेने का निर्देश दिया। बता दें कि गौरव ठाकुर PHE विभाग में दैनिक वेतन भोगी कर्मचारी है। जल संरक्षण महाअभियान की शुरुआत शिविर में विभिन्न विभागों के कर्मचारियों ने स्टॉल लगाकर ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं। इसी शिविर में 8 मई को विधायक ने जल संरक्षण महाअभियान की शुरुआत की। ग्रामीणों को जल संरक्षण की शपथ दिलाई गई। यह अभियान सुशासन तिहार के तहत आयोजित होने वाले समाधान शिविरों में निरंतर चलेगा। सरकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का लक्ष्य सांसद ने कहा कि सुशासन तिहार का मुख्य उद्देश्य सरकारी योजनाओं को सीधे अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। उन्होंने जल संकट को देखते हुए जल संरक्षण को वर्तमान की सबसे बड़ी आवश्यकता बताया। साथ ही सभी से अपने स्तर पर जल बचाने की जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया। सबको मिलकर काम करने की अपील शिविर में मौजूद विधायक आशाराम नेताम ने कहा कि आज का शिविर ग्रामीणों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसमें एक ही स्थान पर उन्हें अनेक योजनाओं का लाभ प्राप्त हुआ है। जल संरक्षण के लिए सभी ग्रामवासी जागरूक हों, यही हमारी अपील है। ‘बूंद-बूंद से घड़ा भरता है’, इसी सोच के साथ हम सबको मिलकर काम करना है। शिविर में बांटे गए योजनाओं से संबधित दस्तावेज विभिन्न योजनाओं के पात्र लाभार्थियों को मौके पर ही लाभान्वित किया गया। दस्तावेजों भी बांटे गए शिविर में नवीन आधार कार्ड पंजीयन, राशन कार्ड वितरण, प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों को स्वीकृति राशि का प्रमाण पत्र, मनरेगा जॉब कार्ड सहित कई योजनाओं से संबंधित दस्तावेजों का वितरण किया गया। 44 आवेदनों का निराकरण 508 आवेदनों में 44 का हो पाया निराकरण शिविर में सुशासन तिहार में विभिन्न मांग एवं शिकायत को लेकर प्राप्त 508 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिसमें 490 मांग और 18 शिकायत के आवेदन शामिल है। 5 हितग्राहियों को किसान क्रेडिट कार्ड इन आवेदनों का निराकरण करते हुए 8 हितग्राहियों को राशन कार्ड, 5 हितग्राहियों को शौचालय की स्वीकृति, 5 हितग्राहियों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास की स्वीकृति, 3 हितग्राहियों को मनरेगा जॉब कार्ड और 5 हितग्राहियों को किसान क्रेडिट कार्ड वितरित किए गए।


