चंडीगढ़ में मकानों और दुकानों के दाम बहुत तेजी से बढ़ रहे हैं। हाल ही में चंडीगढ़ के सेक्टर 18-ए में एक दो कनाल का घर 32 करोड़ रुपए में बिका है। वहीं, सेक्टर 7 के मध्य मार्ग पर एक SCO (शॉप कम ऑफिस) 30 करोड़ रुपए में बिकी है। ये रेट सिर्फ कागजों में दर्ज कीमतें हैं। असली सौदा इससे 40 से 50 प्रतिशत ज्यादा भाव का होता है। जानकारी अनुसार, 2024-25 में चंडीगढ़ प्रशासन को प्रॉपर्टी रजिस्ट्री से 270 करोड़ रुपए से ज्यादा की कमाई हुई। अफसरों का कहना है कि अगले साल यह कमाई 400 करोड़ से भी ज्यादा हो सकती है। चंडीगढ़ के डिप्टी कमिश्नर निशांत कुमार यादव ने बताया कि 1 अप्रैल 2025 से रजिस्ट्री के रेट (कलेक्टर रेट) बढ़ा दिए गए हैं। इसके बाद भी लोग जमकर प्रॉपर्टी खरीद रहे हैं। साल दर साल बढ़ रहा रजिस्ट्रेशन चंडीगढ़ में प्रॉपर्टी का रजिस्ट्रेशनशन लगातार बढ़ता जा रहा है। लगातार तीन साल का 1 से 15 अप्रैल तक का डेटा देखें तो इसमें फर्क साफ दिख रहा है। 2023 में इस 15 दिन की अवधि में 285 प्रॉपर्टी रजिस्टर्ड हुई थीं। इसके अगले साल ये संख्या बढ़ कर 341 हो गईं। अब 2025 में 15 दिन में 362 प्रॉपर्टी रजिस्टर्ड हुईं हैं। यह तब है जब 2025 में सरकारी कार्यालय में सिर्फ 9 दिन ही काम काज हुआ है। क्यों बढ़े प्रॉपर्टी के दाम?


