सरकार ने कुछ समय पहले ‘रंगला पंजाब’ मुहिम बड़े स्तर पर शुरू की थी। इस पर भारी खर्च हुआ। जगह-जगह बड़े-बड़े साइन बोर्ड लगाए गए। अब वही बोर्ड लावारिस हालत में पड़े हैं। अमृतसर के न्यू रियाल्टो चौक पर रंगला पंजाब का बोर्ड कई दिनों से गिरा पड़ा है। यह जगह वीआईपी मूवमेंट का मुख्य रास्ता है। यहीं से पंजाब सरकार के मंत्री, कमिश्नर, जिओ रैंक के अफसर रोज गुजरते हैं। इसके बावजूद किसी ने इस ओर ध्यान नहीं दिया। बोर्ड की हालत देखकर लगता है जैसे अब उसकी कोई अहमियत नहीं रही। सरकार ने जिस मुहिम पर करोड़ों खर्च किए, उसके चिन्ह अब कचरे की तरह पड़े हैं। सवाल यह है कि जब मुहिम खत्म हो जाती है तो उससे जुड़ी चीजों की देखरेख क्यों नहीं होती। -सरबजीत सिंह, निवासी मजीठा रोड।


