देश में इस बार समय से पहले मानसून प्रवेश करेगा। झारखंड में भी 10 से 15 जून के बीच मानसून पहुंच सकता है। ऐसे में मात्र 20 से 25 दिन ही बचे हैं। मानसून में जल जमाव, विद्युतापूर्ति की समस्या दूर करने के लिए नगर निगम व बिजली विभाग एक माह पहले से तैयारी कर रहा है। लेकिन मंगलवार को दोपहर 1.45 से 2.45 बजे के बीच हुई मात्र 30 एमएम बारिश से पूरा शहर डूब गया। मुख्य सड़कों से लेकर गली-मुहल्लों में कमर भर पानी भर गया। हालात ऐसे हो गए कि सड़कों पर पैदल तो दूर, वाहनों से भी चलना मुश्किल हो गया। दूसरी आेर 50 से 60 किमी. की रफ्तार से चली हवा से शहर में 10 से अधिक पेड़, बिजली के पोल गिर गए। कोकर सहित विभिन्न स्थानों पर पोल पर पेड़ गिरने से कई मुहल्लों में 10 से 15 घंटे से लाइट नहीं है। 50 से अधिक मुहल्लों के सैकड़ों घरों में भरा पानी मंगलवार को हुई झमाझम बारिश से शहर के 50 से अधिक मुहल्लों के सैकड़ों घरों में गंदा पानी प्रवेश कर गया। बरियातू रोड में रिम्स से पहले नाली का मुहाना बंद होने से सड़क पर दो फीट तक पानी भर गया। कचहरी रोड में नाली सही तरीके से नहीं बनने से सड़क पर ही पानी भरने से ट्रैफिक प्रभावित हुआ। शहर में कहां क्या-क्या हुआ


