छत्तीसगढ़ सरकार ने रजिस्ट्री प्रक्रिया में 10 नए बदलाव किए हैं। इन बदलावों पर मनेंद्रगढ़ के अमृत सदन सभाकक्ष में एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि नई व्यवस्था में पटवारियों को अब कोई रिश्वत नहीं दे पाएगा। पहले लोग काम कराने के लिए मुर्गा, बकरा, चावल और देशी घी तक देते थे। अब रजिस्ट्री के लिए आने वाले का नाम सीधे रिकॉर्ड में दर्ज होगा। उन्होंने बताया कि पहले पटवारी एक नाम दर्ज करने के लिए कई बार रिकॉर्ड बदल देते थे। जमीन की नाप-जोख में भी गड़बड़ी करते थे। नई व्यवस्था से ये सब बंद हो जाएगा। मंत्री ने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि पटवारियों को होने वाले नुकसान की भरपाई जिला कलेक्टर करेंगे। कार्यशाला में प्रदेश के कृषि मंत्री रामविचार नेताम मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। स्वास्थ्य मंत्री श्यामबिहारी जायसवाल और भरतपुर सोनहत की विधायक रेणुका सिंह भी मौजूद थीं। कार्यशाला में कलेक्टर डी राहुल वेंकट और जिला पंचायत सीईओ अंकिता सोम समेत अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।


