अमृतसर | सिख प्रचारक भाई रणजीत सिंह ढडरियांवाले ने कहा कि सिख पंथ में आपसी मतभेद भुलाकर सभी धार्मिक नेताओं को मिलकर चलना समय की जरूरत है। श्री अकाल तख्त साहिब के सिखी के प्रचार-प्रसार पर लगी रोक हटाने के बाद पहली बार श्री अकाल तख्त पहुंचे ढडरियांवाले ने कहा कि अब धार्मिक नेता पंथ की चढ़दी कला के लिए एकजुट हो जाएं। श्री अकाल तख्त पर 21 मई को माफी मांगने की घटना को कुछ ने बेहतर कदम बताया और किसी ने माफी मांगना अनुचित बताया। उन्होंने अंतरमुखी होना सीखा है और उन्होंने सिख पंथ की भलाई-हितों की खातिर माफी मांगना उचित समझा। ढडरियांवाले ने कहा कि उन्होंने किसी के कहने पर कुछ नहीं किया। जत्थेदार गड़गज ने बयान जारी किया था कि ढडरियांवाला को श्री अकाल तख्त पर आना चाहिए, इसलिए उन्होंने यहां आने का मन बनाया।


