भास्कर न्यूज| एड़ू उरगा से धरमजयगढ़ तक 62.5 किलोमीटर लंबी रेलवे लाइन बिछाने का कार्य इरकॉन कंपनी द्वारा रायपुर की मेसर्स अग्रवाल ग्लोबल इन्फ्रास्ट्रक्चर को सौंपा गया है। लेकिन कंपनी की कार्यशैली ने सरकारी नियमों और राजस्व को नजरअंदाज कर दिया है। बिना खनिज विभाग की वैध अनुमति के मिट्टी और मुरूम की खुदाई कर उसे निर्माण कार्य में उपयोग किया जा रहा था। शिकायत मिलने पर खनिज विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। एक पोकलेन मशीन और एक हाइवा वाहन जब्त किया गया है। विभाग ने 80 हजार रुपये की पेनल्टी प्रस्तावित की है। सरकारी काम बताकर चल रहा है अवैध खनन: सरकारी परियोजनाओं में भी मिट्टी और मुरूम खनन के लिए अनुमति लेना अनिवार्य होता है। लेकिन मेसर्स अग्रवाल ग्लोबल इन्फ्रास्ट्रक्चर ने नियमों की अनदेखी करते हुए भारी मशीनों से खुदाई की और निर्माण कार्य में उपयोग शुरू कर दिया। खनिज विभाग के निरीक्षण में यह अवैध पाया गया। ट्रांसफार्मर के नीचे तक कर दी खुदाई ग्राम खड़गांव में ठेकेदार ने बिजली ट्रांसफार्मर के चारों ओर खुदाई कर दी। यह वही ट्रांसफार्मर है जिससे किसानों के 10 बोरवेल संचालित होते हैं। यदि ट्रांसफार्मर को नुकसान पहुंचता, तो किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ता। प्रस्तावित कर अनुमोदन के लिए भेजा ^21 मई को अवैध खनन की शिकायत पर निरीक्षण किया गया। एक चैन मशीन और एक हाइवा जब्त की गई है। 80 हजार रुपए की पेनल्टी प्रस्तावित कर अनुमोदन के लिए भेजा गया है। – सोमेश सिन्हा, खनिज निरीक्षक


