होटल आईटीसी राजपूताना में क्रिसमस को लेकर एक खास इवेंट का आयोजन किया गया है। इसमें क्रिसमस ट्री लाइटिंग समारोह और एनजीओ बच्चों के साथ हाई-टी की खास व्यवस्था की गई। इस आयोजन में शहर के प्रमुख व्यक्तित्व, मेहमान और बच्चों ने मिलकर क्रिसमस के त्योहार को बड़े उत्साह और गर्मजोशी से मनाया। कार्यक्रम की शुरुआत क्रिसमस ट्री की लाइटिंग से हुई। उसके साथ ही उपस्थित लोगों ने इस मौसम के उत्साह का अनुभव किया। समारोह में बच्चों के साथ मिलकर हाई-टी का आनंद लिया गया, जिसमें स्वादिष्ट व्यंजन और गर्म पेय परोसे गए। आयोजन ने इस त्योहार के पारंपरिक जश्न को एक नया आयाम दिया, जहां समुदाय के हर सदस्य ने उत्सव का हिस्सा बनकर इस सीजन को और भी खास बनाया। आईटीसी राजपूताना होटल ने अपनी क्रिसमस ट्री और लाइटिंग सेरेमनी को खास बनाने के लिए एक अद्वितीय पहल की। इस साल का क्रिसमस ट्री राजस्थान की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर और पर्यावरण के प्रति सम्मान का प्रतीक है। होटल के क्रिसमस ट्री को खास तरीके से तैयार किया गया है। यह पूरी तरह से पारंपरिक कुल्हड़ (मिट्टी के प्यालों) से सजाया गया है। राजस्थान की सांस्कृतिक धरोहर और पर्यावरण के प्रति सजगता को ध्यान में रखते हुए, इस ट्री को प्राकृतिक और जैविक सामग्री से बनाया गया है। हर कुल्हड़ पर रंग-बिरंगे हस्तशिल्प डिजाइन और राजस्थान की लोक कला की बारीकी से छाप देखी जा सकती है। जो राज्य की संस्कृति और इतिहास को जीवित रखता है। इस क्रिसमस ट्री में राजस्थान के प्रसिद्ध किलों और महलों की छवि, साथ ही बंधनी वस्त्रों की अद्भुत शैली को भी उकेरा गया है। खासकर आमेर किले का प्रभाव इस ट्री में महसूस होता है, जो राजस्थान की शाही विरासत और वास्तुकला की भव्यता का प्रतीक है। आईटीसी राजपूताना होटल का यह प्रयास न केवल सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित करने का है, बल्कि यह पर्यावरण के प्रति एक जिम्मेदारी की भावना को भी दर्शाता है। इस ट्री को बनाने में पूरी तरह से इको-फ्रेंडली, प्राकृतिक और बायोडिग्रेडेबल सामग्री का उपयोग किया गया है। होटल की टीम का मानना है कि यह क्रिसमस ट्री सिर्फ एक सजावट नहीं, बल्कि एक संदेश है। पर्यावरण के प्रति हमारी जिम्मेदारी और सांस्कृतिक धरोहर की रक्षा करने का मैसेज दिया गया। होटल के इस पहल के जरिए, वे पर्यावरण के प्रति जागरूकता फैलाना चाहते हैं और साथ ही समर्पित प्रयासों से एक स्थिर और जिम्मेदार उत्सव का संदेश देना चाहते हैं।


