पूर्व मंत्री बाबूलाल नागर ने कहा कि बीजेपी हमेशा से लोकतंत्र और संवैधानिक मूल्यों के प्रति तिरस्कार दिखाने का कोई भी मौका नही छोड़ती है। इस बार तो हद ही पार कर दी। संविधान के 75 वर्ष पूरे होने पर कांग्रेस समेत इंडिया गठबंधन के दलों ने संसद में सरकार से संविधान पर चर्चा की मांग रखी। इस दौरान गृह मंत्री अमित शाह ने बाबा साहब भीमराव अंबेडकर का अपमान किया। यह घटना देश के संसदीय इतिहास में दर्ज हो गई है। जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से एक निजी रिसोर्ट में बुधवार को आयोजित प्रेस वार्ता में पूर्व मंत्री बाबूलाल नागर ने कहा कि सरकार ने अडानी, मणिपुर संभल जैसे मामलों पर सदन में बहस की मांग लगातार ठुकराए जाने के बाद प्रतिपक्ष की संविधान पर चर्चा की मांग मान ली गई। इस मौके पर कांग्रेस समेत सभी दलों ने सरकार को लोकतांत्रिक और संवैधानिक मूल्यों की प्रतिबद्धता याद दिलाई। समता, समानता और न्याय के डॉ. अंबेडकर के आदर्शों पर चलने की सलाह बीजेपी को कतई रास नहीं आई और सतापक्ष ने लगातार विपक्ष को बोलने से रोकने की कोशिश की। यही नहीं केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने डॉ. अंबेडकर का अपमान कर संघ और बीजेपी की मनुवादी मानसिकता उजागर कर दी। कांग्रेस समेत प्रतिपक्ष अमित शाह के इस्तीफे की मांग कर रहा है। जब तक अमित शाह इस्तीफा नहीं देंगे, तब तक कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ता विरोध जारी रखेंगे। प्रेस वार्ता के दौरान विधायक हरिमोहन शर्मा, जिला अध्यक्ष सीएल प्रेमी, जिला प्रमुख चंद्रावती कंवर, प्रतिष्ठा यादव, अनिता मीणा, सत्येश शर्मा, संदीप पुरोहित, शहर अध्यक्ष शैलेश सोनी, प्रेमशंकर, दिनेश शमी, आदि मौजूद थे।


