छत्तीसगढ़ में बारिश का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है। जून के महीने में 135.4 मिमी बारिश हो चुकी है, जबकि 182.2 मिमी होनी थी। यानी 46.8 मिमी (26 फीसदी) कम पानी गिरा है। वहीं, प्रदेश के सभी संभागों में सोमवार 30 जून से बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी। सभी जिलों में समान रूप से अच्छी वर्षा होगी। मौसम विभाग ने 13 जिलों में भारी से अतिभारी बारिश होने की चेतावनी दी है। इसके अलावा राज्य के शेष हिस्सों में भी तेज वर्षा होगी। अनुमान है कि इस बारिश से बारिश का कोटा पूरा हो जाएगा। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में मानसून सक्रिय है। इसलिए पूरे प्रदेश में बारिश की संभावना है। बंगाल की खाड़ी और अन्य जगहों पर बने मजबूत सिस्टम से समुद्री हवा तटों को पार कर तेजी से भीतर आ रही है। पिछले तीन-चार दिनों से बारिश की गतिविधियां थोड़ी कम थी। 30 जून से इसमें तेजी आने की संभावना है। खासकर उत्तरी और मध्य छत्तीसगढ़ में भारी बारिश होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार सबसे ज्यादा सरगुजा संभाग के छह जिलों में भारी से अतिभारी बारिश हो सकती है। बिलासपुर, रायपुर और दुर्ग में भी कुछ-कुछ जिलों में भी भारी बारिश हो सकती है। इन सिस्टम के कारण आ रही नमी
मौसम विभाग की मानें तो बंगाल की खाड़ी के उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र और उससे लगे हुए पश्चिम बंगाल, बांग्लादेश के तटों पर एक कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इससे लगा एक ऊपरी हवा में एक चक्रवात भी है। अगले दो दिनों में इसके उत्तरी ओडिशा, गंगेय पश्चिम बंगाल, झारखंड होते हुए पश्चिम, उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने की संभावना है। एक मानसून द्रोणिका भी है। यह दक्षिण राजस्थान और उससे लगे उत्तरी गुजरात के ऊपर बने ऊपरी हवा में चक्रवात, मध्यप्रदेश, उत्तरी छत्तीसगढ़ और उत्तरी ओडिशा होते हुए उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उससे लगे पश्चिम बंगाल और बांग्लादेश तक बना हुआ है। इन सिस्टम के कारण समुद्र से बड़ी मात्रा में नमी आ रही है। इन जिलों में भारी से अतिभारी बारिश
सरगुजा संभाग के सरगुजा, जशपुर, कोरिया, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, सूरजपुर, बलरामपुर जिलों में मध्यम से बहुत भारी बारिश।
बिलासपुर संभाग के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, बिलासपुर मध्यम से भारी बारिश।
रायपुर संभाग के रायपुर, बलौदाबाजार भारी से बहुत भारी बारिश।
दुर्ग संभाग के दुर्ग, बेमेतरा, कबीरधाम मध्यम से भारी बारिश।


