निकटवर्ती अनूपगढ़ जिले के जैतसर थाना क्षेत्र के गांव 11 जोइयांवाली में गुरुवार रात मकान में मांस बरामद करने गई वन विभाग की टीम को ग्रामीणों के विरोध का सामना करना पड़ा। यहां टीम के लोग तो लौट गए लेकिन वनपाल अपनी कार में ही बैठे रहे उन्हें ग्रामीणों ने कार में बंधक बना लिया। बाद में जैतसर और श्रीबिजयनगर पुलिस ने ग्रामीणों को समझाया तो ग्रामीण माने और वनपाल को छुड़वाया।
वन विभाग की टीम को गांव 11 जोइयांवाली में एक घर में मांस मिलने की सूचना मिली थी। इस पर वन विभाग की टीम क्षेत्रीय वन अधिकारी पंकज लूनीवाल के नेतृत्व में गांव में पहुंची और रामकिशन पुत्र तेजाराम के घर में छुपाया साठ किलो मांस बरामद कर लिया। टीम ने यहां से लालूराम बावरी, रामकृष्ण बावरी ओर कृष्ण बावरी को गिरफ्तार किया और टीम लौट गई।
टीम ने जब तीनों से पूछताछ की तो सामने आया कि गांव में कई घरों में मांस छुपाया हुआ है। इस पर टीम वनपाल राजीव बिश्नोई और अन्य कर्मचारियों के साथ एक बार फिर गांव में पहुंची। इस बार टीम ने घरों में जाकर सर्च किया तो ग्रामीण वन विभाग की टीम के खिलाफ हो गए।
लोगों का विरोध देखते हुए चार वाहनों में आई वन विभाग की टीम ताे माैके से रवाना हो गई लेकिन वनपाल राजीव बिश्नोई कार में बैठे रह गए। इस पर ग्रामीणों ने उन्हें घेर लिया। उन्हें कार में ही बंधक बना लिया गया। वन पाल बिश्नोई को बंधक बनाने की सूचना मिलने पर एसएचओ इमरान खान मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाया।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि वन विभाग की टीम ने घर-घर सर्च किया और महिलाओं से अपशब्द भी कहे। इस पर ग्रामीणों ने विरोध किया। पुलिस ने ग्रामीणों को समझाकर वनपाल बिश्नोई को छुड़वाया।


