छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिला में एक सहायक शिक्षक का युक्तियुक्तकरण के तहत धरमजयगढ़ विकासखंड में ट्रांसफर कर दिया गया। जिससे नाराज ग्रामीणों ने अपना विरोध शुरू कर दिया और ग्रामीण सोमवार को स्कूल में ताला जड़कर शिक्षक के स्थानंतरण आदेश को निरस्त करने की मांग करने लगे। सुबह ग्रामीणों ने अपना आंदोलन शुरू किया। पूर्व में ग्रामीणों ने कलेक्टर और जिला शिक्षा अधिकारी के नाम ज्ञापन सौंपा था। जिसमें बताया गया था कि खरसिया विकासखंड के प्राथमिक शाला कोंहारडीपा के सहायक शिक्षक दिनेश कुमार राठिया का युक्तियुक्त करण के तहत धरमजयगढ़ ब्लाॅक के प्राथमिक शाला गेरसा में ट्रांसफर कर दिया गया है। दिनेश कुमार राठिया को अभी तक भारमुक्त नहीं किया गया है। ग्रामीणों ने बताया कि प्राथमिक शाला कोंहारडीपा में एक प्रधान पाठक और एक सहायक शिक्षक दिनेश राठिया पदस्थ थे और दिनेश राठिया का स्थानंतरण कर दिए जाने से स्कूल में एक ही शिक्षक बच गए। स्कूल में तकरीबन 30 बच्चे अध्ययनरत हैं। जबकि जहां सहायक शिक्षक का ट्रांसफर किया गया है, वहां पहले से चार शिक्षक हैं। ऐसे में सहायक शिक्षक को यथावत रखने की मांग को पूरा नहीं करने पर आंदोलन की बात कही गई थी। अधिकारियों ने दिया समझाईश
जहां आज सुबह काफी संख्या में ग्रामीण कोंहारडीपा स्कूल पहुंचे और नारेबाजी करते हुए स्कूल में ताला जड़ दिया। जिसके बाद मामले की जानकारी मिलने पर प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाईश देते हुए एक माह के भीतर सहायक शिक्षक को इसी स्कूल में सलंग्न करने का आश्वसन दिया। जिसके बाद ग्रामीणों का आंदोलन समाप्त हुआ।
लिखित में आश्वसन दिया
खरसिया विकासखंड जिला शिक्षा अधिकारी एलएन पटेल ने ग्रामीणों को लिखित में आश्वसन दिया कि ग्रामीणों के द्वारा सहायक शिक्षक के युक्तियुक्त करण के तहत किए गए स्थांतरण आदेश को निरस्त करने की मांग की गई है। जिसे लेकर सहायक शिक्षक को एक माह के भीतर कोंहारडीपा में नियमानुसार संलग्न किया जाएगा। साथ ही पात्रतानुसार जिला शिक्षा अधिकारी के द्वारा संलग्नीकरण के संबंध में नियमानुसार निर्णय लिया जाएगा।


