छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के तमनार ब्लॉक स्थित झिकाबहाल गांव के ग्रामीणों ने सोमवार सुबह 5 सूत्रीय मांगों को लेकर चक्काजाम कर दिया। उन्होंने औद्योगिक क्षेत्र से गुजरने वाले भारी वाहनों की आवाजाही को रोक दिया। यह आंदोलन करीब 2 से 3 घंटे तक चला। जिसके बाद फैक्ट्री प्रबंधन की ओर से आश्वासन मिलने पर ग्रामीणों ने जाम समाप्त किया। ग्रामीण सुबह 9 बजे से हुंकराडीपा-धौराभांठा मार्ग पर जमा हुए और नारेबाजी करते हुए चक्काजाम शुरू किया। इस दौरान सड़क के दोनों ओर भारी वाहनों की लंबी कतार लग गई। हादसों को लेकर जताई चिंता ग्रामीणों ने बताया कि उद्योगों से जुड़े भारी वाहनों की रफ्तार काफी तेज होती है, जिससे लगातार सड़क दुर्घटनाएं हो रही हैं और लोगों की जान जा रही है। इसके अलावा, इन वाहनों की टक्कर से सड़क किनारे लगे बिजली के खंभे भी क्षतिग्रस्त हो जाते हैं, जिससे बिजली और पानी की समस्या उत्पन्न हो जाती है। बस सेवा और धूल नियंत्रण की भी मांग प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों की मांग थी कि पुलिस और फैक्ट्री प्रबंधन ने संभाला मोर्चा मामले की सूचना मिलने पर पुलिस अधिकारी और जवान मौके पर पहुंचे और समझाइश देने का प्रयास किया, लेकिन ग्रामीण मांगें पूरी होने तक पीछे हटने को तैयार नहीं थे। बाद में फैक्ट्री प्रबंधन के अधिकारी मौके पर पहुंचे और समस्याओं के निराकरण का आश्वासन दिया। आंदोलन समाप्त इस मामले में तमनार थाना प्रभारी कमला पुसाम ने बताया कि झिकाबहाल के ग्रामीणों द्वारा उनकी मांगों को लेकर चक्काजाम किया गया था। फैक्ट्री प्रबंधन की ओर से आश्वासन मिलने के बाद ग्रामीणों ने आंदोलन समाप्त कर दिया।


