बलौदाबाजार जिले में रक्षाबंधन त्योहार से पहले खाने-पीने के सामानों की जांच की जा रही है। जिला प्रशासन ने ‘बने खाबो, बने रहीबो’ अभियान चलाया है। इसके तहत खाद्य विभाग की टीम मिठाई दुकानों, मेले में लगने वाले फूड स्टॉल्स पहुंचकर चीजों को टेस्ट कर रहे है। टेस्टिंग के दौरान कुल 41 प्रतिष्ठानों से 208 नमूने लिए गए। इनमें से 8 नमूने अवमानक पाए गए। अवमानक पाए गए पान चटनी और बालूशाही को तुरंत नष्ट कर दिया गया। साथ ही 4 दुकानों को नोटिस जारी किया गया। ठेले और मोमोज स्टॉल्स की जांच भाटापारा में मीना बाजार, फास्ट फूड सेंटर, ठेले और मोमोज स्टॉल्स की जांच की गई। वहीं सिमगा में 19 प्रतिष्ठानों से 98 नमूने लिए गए। इनमें से 4 अवमानक और 1 असुरक्षित पाया गया। जांच के दौरान मोमोज सेंटर में खाद्य रंगों की अधिक मात्रा का उपयोग पाया गया। टीम ने 100 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम से अधिक रंग के उपयोग पर रोक लगाई। लक्ष्मी किराना स्टोर से मेटानिल येलो रंग (गाय छाप) के 2 बॉक्स जब्त कर नष्ट किए गए। जैन होटल, अमित स्वीट्स, जय दुर्गा स्वीट्स समेत कुल 7 मिठाइयों के नमूने राज्य खाद्य प्रयोग शाला भेजे गए हैं। खाने में इन चीजों की जांच जरुरी जनता को सलाह दी गई है कि वे चटख रंग वाले खाद्य पदार्थ न खरीदें। सोन पापड़ी में वनस्पति घी की गंध और चांदी के वर्क की शुद्धता जांचें। पैकेज्ड मिठाइयों पर FSSAI लोगो, लाइसेंस नंबर, सामग्री सूची और एक्सपायरी डेट अवश्य देखें। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश कुमार अवस्थी ने बताया कि कलेक्टर दीपक सोनी के निर्देश पर यह अभियान चलाया जा रहा है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी उमेश वर्मा ने कहा कि अवमानक खाद्य बेचने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। अभियान का उद्देश्य जनता को शुद्ध और सही भोजन उपलब्ध कराना है।


