श्योपुर में शनिवार की अल सुबह करीब 4 बजे तेज हवा और बारिश के साथ ओलावृष्टि होने से किसानों के खेतों में खड़ी गेहूं और सरसों की फसल को भारी नुकसान हुआ है। इससे क्षेत्र के किसान भारी चिंतित हो उठे हैं और उन्होंने सरकार से मुआवजे की मांग की है। मामला आदिवासी ब्लॉक करहल क्षेत्र के कराहल, चक बिलेडी, राहरौन, खैरी सहित आधा दर्जन से अधिक गांवों के पास के खेतों का है। जहां करीब 15 से 20 मिनट तक बैर के आकार के ओले गिरने से फसलों को भारी नुकसान हुआ है। कई किसानों की फसलें तो पूरी तरह से चौपट हो चुकी हैं। इन हालातों में किसानों को चिंता सता रही है कि फसल बुआई से लेकर सिंचाई और खाद बीज में हजारों रुपए खर्च हो चुके हैं। अब फसल भी चौपट हो चुकी है। इन हालातों में उनके परिवार का गुजारा करने में उन्हें भारी कठिनाई उठानी पड़ेगी। इसे लेकर उन्होंने सरकार से मांग की है कि जल्द से जल्द फसलों में हुए नुकसान का मुआवजा दिया जाए। ताकि वह अपने परिवार का गुजारा ठीक तरह से कर सकें। खड़ी फसल हुई बर्बाद इस बारे में कराहल कस्बा निवासी महिला किसान सीमा आदिवासी का कहना है कि बहुत बड़े-बड़े ओले गिरे हैं। जिसकी वजह से उनके खेत में खडी गेहूं की फसल बर्बाद हो गई है, आसपास के पूरे इलाके में बहुत ओलावृष्टि हुई है। सरकार नुकसान का मुआवजा दे ताकि, परिवार का गुजारा करने में दिक्कत नहीं हो।


