छत्तीसगढ़ के मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जनकपुर में मरीजों को सलाइन ड्रिप लगाने के बाद कंपकंपी शुरू हो गई। इस मामले के बाद प्रदेश भर में इस बैच की दवाइयों के इस्तेमाल पर तत्काल रोक लगा दी गई है। जनकपुर से सलाइन के सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं। वहीं स्वास्थ्य मंत्री ने मामले में जांच के आदेश दिए हैं। जानकारी के मुताबिक, सीजीएमएससी ने इन दवाइयों की आपूर्ति की गई थी। नहीं मामला सामने आने के बाद भरतपुर सोनहत विधानसभा के पूर्व विधायक गुलाब कमरो स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे और अस्पताल प्रबंधन से जानकारी ली । उन्होंने मरीजों को हो रही परेशानी को लेकर स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया है। गड़बड़ी पाए जाने पर कार्रवाई पर होगी कार्रवाई- स्वास्थ्य मंत्री इस पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि सीजीएमएससी में जितने भी घोटाले हुए है, सब कांग्रेस के समय के हैं। अब सब पोल खुल रही है, सब सामने आ रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि उनके कार्यकाल में जो भी गड़बड़ी होगी जांच कराएंगे। फिलहाल, गड़बड़ी करने वाले कई जेल में हैं और कई रडार में हैं। स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह की गड़बड़ी पाए जाने पर कार्रवाई की जाएगी। जिला अस्पताल बैकुंठपुर में भी मरीजों को कंपकंपी बता दें कि ऐसे ही मामले जिला अस्पताल बैकुंठपुर में भी ऐसे ही मामले सामने आए हैं। यहां से लगभग तीन हजार सलाइन की बोतलें वापस भेजी गई हैं। 27 जुलाई से 7 अगस्त के बीच आरएल सलाइन की कुछ बोतलों के इस्तेमाल के बाद मरीजों में परेशानी देखी गई थी।


