छत्तीसगढ़ के कोंडागांव में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के 581 संविदा कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर एक महीने से धरने पर बैठे हैं। हड़ताल के 30वें दिन कर्मचारियों ने अनोखे तरीके से अपना विरोध जताया।कर्मचारियों ने अगल-अलग खेलों का आयोजन किया। इनमें संविदा प्रथा का प्रतीक दर्शाता मटका फोड़, चम्मच दौड़, रस्सा खींच और सुई-धागा प्रतियोगिता शामिल थी। सुई-धागा प्रतियोगिता के जरिए उन्होंने शासन के अधूरे वादों को अपनी झोली में पिरोने का संदेश दिया। पहले भी कई तरह के प्रदर्शन कर चुके हैं कर्मचारी छत्तीसगढ़ प्रदेश राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन कर्मचारी संघ के नेतृत्व में चल रहे इस आंदोलन में कर्मचारी पहले भी कई तरह के प्रदर्शन कर चुके हैं। इनमें मंत्रियों का मुखौटा पहनकर विरोध, जल सत्याग्रह और खून से पत्र लिखना शामिल है। संघ के पदाधिकारियों ने बताया कि शासन की ओर से बार-बार कार्यस्थल पर उपस्थिति के लिए पत्र भेजे जा रहे हैं। हालांकि, कर्मचारी इन पत्रों से प्रभावित नहीं हो रहे हैं। उनका कहना है कि जब तक उनकी 10 सूत्रीय मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। कर्मचारी शासन की वादाखिलाफी के खिलाफ डटकर खड़े रहने का संकल्प ले चुके हैं।


