एम्स जोधपुर का 14वां स्थापना दिवस बुधवार को मनाया गया। इस मौके एम्स जोधपुर के सभागार में कार्यक्रम हुए। वहीं एम्स के अध्यक्ष प्रो. तेजस मधुसूदन पटेल, कार्यकारी निदेशक गोवर्धन दत्त पूरी, राज्यसभा सांसद राजेंद्र गहलोत ने पत्रकारों को एम्स की उपलब्धियों के बारे में जानकारी दी। पटेल ने कहा कि एम्स जोधपुर में मरीजों को इलाज के दौरान सहूलियत मिले। इस पर फोकस किया जा रहा है। एम्स में सोनोग्राफी, MRI की वेटिंग को लेकर कहा कि इसे दूर करने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। इसके लिए 24 घंटे MRI मशीन चले इसको लेकर भी योजना बनाई जा रही है। क्योंकि गांव से आने वाले मरीजों की समस्या का उन्हें पता है। इसलिए वो अपनी तरफ से प्रयास कर रहे हैं। एम्स में आने वाले मरीजों को जांच करवाने से लेकर लगने वाले समय को कैसे किया जाए इस पर भी फोकस किया जा रहा है। एम्स में मरीजों को बाहर से सामान मंगवाने के सवाल पर कहा कि उस पर भी वो अभी स्टडी कर रहे हैं। कोई भी डॉक्टर बाहर से दवाइयां लेने या कहीं से भी पसंद की लैब से जांच करवाने या मरीज को लेकर कोई भी शिकायत सामने आई तो कार्रवाई की जाएगी। एम्स के कार्यकारी निदेशक GD पूरी ने कहा एम्स जोधपुर में अस्पताल परिसर के अंदर ही दवा केंद्र है। किसी भी मरीज को बाहर से दवाई नहीं लानी है, यदि कोई मरीज को बाहर से दवाई लाने के लिए लिखता है तो उसके खिलाफ शिकायत उनके कार्यालय में दी जा सकती है उसे पर कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा ऑपरेशन रिलेटेड सामान भी इन दवा केंद्रों पर आसानी से उपलब्ध है। उन्होंने कहा हॉस्पिटल में मरीजों की भीड़ लगातार बढ़ रही है। यहां पर MRI और CT स्कैन की मशीन भी 2 ही है। इसलिए कई बार मरीजों को इंतजार करना पड़ता है। एम्स में कई डॉक्टरों के छोड़कर जाने के सवाल पर कहा कि यदि किसी को अच्छा प्रमोशन मिल रहा है तो वो छोड़कर जाएगा। यहां पर किसी भी डॉक्टर को कोई प्रॉब्लम नहीं आने दी जाती है। एम्स गवर्निंग बॉडी मेंबर और राज्यसभा सांसद राजेंद्र गहलोत ने कहा कि एम्स में मरीजों की सुविधा के लिए संसाधन बढ़ाने के लिए भी केंद्र सरकार की ओर से पूरा सहयोग किया जा रहा है।


