लुधियाना में बाढ़ पीड़ित किसानों की मुआवजे की मांग:गर्मी के कारण फसल हल्दी रोग से प्रभावित, पैदावार की कमी

लुधियाना जिले के जगराओं में भारतीय किसान यूनियन (एकता डकौदा) ने गांव भमाल और कीड़ी में किसानों-मजदूरों की संयुक्त बैठक आयोजित की। बैठक की अध्यक्षता हरजिंदर सिंह भमाल ने की। कार्यवाही पिंदर सिंह भमाल ने संचालित की। दोनों गांवों के सरपंच भी बैठक में उपस्थित रहे। धान का पूरा मूल्य सुनिश्चित करने की मांग किसानों ने बताया कि बारिश और गर्मी के कारण धान की फसल हल्दी रोग से प्रभावित हो रही है। इससे पैदावार में कमी आ रही है और दाने का रंग खराब होने का खतरा है। उन्होंने सरकार से फसल की नमी बढ़ाने की व्यवस्था करने की मांग की। साथ ही कटौतियों से बचाव और धान का पूरा मूल्य सुनिश्चित करने की मांग भी रखी। पराली संबंधी आदेशों को भेदभावपूर्ण बताया बैठक में सुप्रीम कोर्ट के पराली संबंधी आदेशों को भेदभावपूर्ण बताया गया। क्रांतिकारी केंद्र पंजाब के नेता कंवलजीत खन्ना ने कहा कि सरकारें चाहें तो बाढ़ की तबाही से बचा सकती हैं। इसके लिए नदियों के तटबंध मजबूत करने, बांध-झीलें बनाने और नहरों व नालों की सफाई जरूरी है। 50 हजार गुजारा भत्ता देने की मांग किसानों ने बाढ़ पीड़ितों के लिए कई मांगें रखीं। इनमें प्रति एकड़ 70 हजार रुपए मुआवजा और मजदूरों के गिरे घरों का पुनर्निर्माण शामिल है। साथ ही प्रत्येक परिवार को 50 हजार रुपए गुजारा भत्ता देने की मांग की गई। दोनों गांवों ने बाढ़ प्रभावितों की मदद के लिए खाद, गेहूं बीज और डीजल हेतु धन एकत्र करने का निर्णय लिया।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *