जमीन कारोबारी कमल भूषण हत्याकांड में दोषी मुख्य अभियुक्त डबलू कुजूर, उसके पुत्र राहुल कुजूर और शूटर काविश अदनान को अपर न्यायायुक्त आनंद प्रकाश की अदालत ने सोमवार को उम्र कैद की सजा सुनाई। तीनों पर 15-15 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना नहीं देने पर छह महीने अतिरिक्त कारावास की सजा काटनी होगी। इस हत्याकांड की सुनवाई पूरी करने के बाद अदालत ने तीनों आरोपियों को 19 सितंबर को दोषी करार दिया था। वहीं, दो आरोपियों डब्ल्यू कुजूर की पत्नी सुशीला कुजूर और सरकारी गवाह बन चुके मुनावर अफाक को साक्ष्य के अभाव में अदालत ने बरी कर दिया गया था। मामले में अभियुक्तों के खिलाफ 10 जनवरी 2023 को आरोप तय किया गया था। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 30 गवाह पेश किए गए थे। बता दें कि इस मामले में तीन अन्य आरोपी सोनू कुमार उर्फ सोनू यादव, छोटू कुजूर और मंजूर आलम ट्रायल फेस कर रहा है। अभियोजन पक्ष द्वारा साक्ष्य प्रस्तुत किया जा रहा है। दोषी डबलू कुजूर के साथ ही कमल भूषण ने जमीन कारोबार शुरू किया था। कमल भूषण की बेटी यामिनी ने डबलू के पुत्र राहुल कुजूर के साथ प्रेम विवाह किया था। इसको लेकर दोनों पार्टनरों में विवाद हुआ और दोनों अलग-अलग हो गए थे। 30 मई 2022 को गोली मारकर की गई थी हत्या मालूम हो कि जमीन कारोबारी कमल भूषण को 30 मई 2022 को पिस्का मोड़ के देवी मंडप रोड के पास शूटरों ने गोली मारी थी। उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी। घटना को लेकर मृतक के पुत्र पवन कुमार आर्या ने सुखदेव नगर थाना में (कांड संख्या 238/2022) प्राथमिकी दर्ज कराई थी। कमल भूषण की हत्या के बाद उनके ड्राइवर बबलू उरांव ने ही पवन आर्या को इसकी जानकारी फोन पर दी थी। हालांकि, गवाही के दौरान चश्मदीद गवाह बबलू ने कोर्ट में घटना का समर्थन नहीं किया और मुकर गया था।


