कोटा में आज सुबह एक कारोबारी के ठिकानों पर आयकर विभाग की टीम ने छापेमारी की। यह कार्रवाई इंद्रप्रस्थ औद्योगिक क्षेत्र में रोड नंबर 5 स्थित मित्तल पिगमेंट प्राइवेट लिमिटेड फैक्ट्री में की जा रही है। साथ ही तीन अन्य फैक्ट्री और घर पर भी सर्च चल रहा है। आईटी विभाग की यह कार्रवाई कोटा के अलावा दिल्ली, कठुआ (जम्मू-कश्मीर) और नागपुर (महाराष्ट्र) में कुल 10 ठिकानों पर चल रही है। जानकारी के अनुसार, दिल्ली और हरियाणा से आई 10 से ज्यादा अधिकारियों की टीम कारोबारी के ठिकानों पर सर्च कर रही है। वहीं राज्य की आयकर अन्वेषण शाखा सहयोग कर रही है। बड़ी आयकर चोरी का हो सकता है खुलासा सूत्रों का कहना है कि यह छापेमारी आयकर चोरी को लेकर की जा रही है, जिसमें बड़ी आयकर चोरी उजागर होने की संभावना है। मित्तल पिगमेंट कंपनी जिंक कारोबार और माइनिंग क्षेत्र से जुड़ी है, जिसमें जिंक और लेड बैटरी की प्लेटें बनती हैं। छापेमारी सिर्फ कोटा में ही नहीं, बल्कि दिल्ली, कठुआ (जम्मू-कश्मीर) और नागपुर (महाराष्ट्र) में भी एक साथ चल रही है। माना जा रहा है कि कंपनी के वित्तीय लेनदेन और खातों, लैपटॉप कंप्यूटर की जांच की जा रही है। फैक्ट्री में 300 कर्मचारी मित्तल पिगमेंट प्राइवेट लिमिटेड फैक्ट्री में दिन और रात की शिफ्ट में 250-300 कर्मचारी काम करते हैं और करीब 50 कर्मचारी परमानेंट हैं। आयकर विभाग के अधिकारियों ने सभी कर्मचारियों की चेकिंग की है और उन्हें फैक्ट्री से बाहर भेज दिया गया है, वहीं फैक्ट्री मालिक रमेश चंद्र अग्रवाल के घर पर भी सर्च चल रहा है। एनटीपी फैक्ट्रियों में भी सर्च कोटा में जगपुरा और भीमपुरा इलाके में एनटीपी फैक्ट्रियों पर भी सर्च चल रहा है। इन फैक्ट्रियों में ब्राउन सोडा केमिकल बनाया जाता है और लेड प्लेटों का बड़ा हिस्सा तैयार किया जाता है। सूत्रों के अनुसार कारोबारी रमेश अग्रवाल के पास करीब 112 ट्रक हैं, जिनसे दूसरी फैक्ट्रियों में माल भेजा जाता है। कोटा से रोजाना करोड़ों का माल सप्लाई होता है। आयकर विभाग की इस कार्रवाई से कोटा के कारोबारियों में हलचल हो गई है। अभी तक विभाग की ओर से आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन सूत्रों के अनुसार छापेमारी आज रात तक जारी रह सकती है।


