सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के मढ़ई गेट से अब पर्यटक जिप्सी के अलावा खुली बुलेरो गाड़ियों में भी जंगल सफारी का आनंद ले सकेंगे। वन्य प्राणी सप्ताह के अवसर पर बुधवार को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने तीन नई बोलेरो सफारी वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह वाहन सतपुड़ा वर्कर समिति द्वारा खरीदी गई हैं, जो यहां सफारी संचालन का जिम्मा संभालती है। आरामदायक सीटों वाली खुली बोलेरो गाड़ी नई सफारी बोलेरो गाड़ियों को विशेष रूप से पर्यटन के लिए मॉडिफाई किया गया है। इनमें सिंगल-सिंगल आरामदायक सीटें लगाई गई हैं। एक वाहन में कुल आठ लोगों के बैठने की व्यवस्था है जिनमें 6 पर्यटक, एक गाइड और एक ड्राइवर शामिल होंगे। इन गाड़ियों के आने से अब सफारी और भी आरामदायक और सुगम हो सकेगी। अनूठा मॉडल: वर्कर सोसाइटी कर रही संचालन एसटीआर की फील्ड डायरेक्टर राखी नंदा ने बताया कि मढ़ई में सफारी संचालन का एक अनूठा मॉडल अपनाया गया है। यहां केवल “सतपुड़ा वर्कर समिति” द्वारा ही सफारी वाहनों का संचालन किया जाता है। किसी भी निजी वाहन को यहां प्रवेश की अनुमति नहीं होती। यह समिति स्थानीय गाइड, ड्राइवर और श्रमिकों को सशक्त करने के उद्देश्य से बनाई गई है। सफारी वाहनों के अलावा मढ़ई क्षेत्र में स्थित सूपनियर शॉप्स और विश्रामगृहों का संचालन भी इसी समिति द्वारा किया जाता है, जिससे स्थानीय समुदाय को सीधा लाभ मिलता है। पुरानी जिप्सी हो रही बंद, नई बोलेरो गाड़ियों की जरूरत फील्ड डायरेक्टर राखी नंदा ने बताया कि मढ़ई में वर्तमान में 20 जिप्सी गाड़ियां हैं, लेकिन इनमें से 15 साल पुरानी 6 गाड़ियां इस साल बंद हो चुकी हैं। इस कारण छह नई बोलेरो कैंपर गाड़ियां खरीदी गई हैं। अभी तीन गाड़ियां फील्ड डायरेक्टर कार्यालय पहुंच चुकी हैं और बाकी तीन जल्द आने वाली हैं। सहायक संचालक अंकित जामोद और रेंजर राहुल उपाध्याय ने बताया कि कोर क्षेत्र के गेट खुलने के साथ ही इन गाड़ियों का संचालन भी शुरू हो जाएगा।


