पंजाब के पूर्व मंत्री अनिल जोशी ने चंडीगढ़ में बीते दिन अकाली दल को छोड़ कांग्रेस जॉइन कर ली। लेकिन उनके पार्टी जॉइन करने के बाद भी कई टकसाली नेता नाराज चल रहे हैं। टकसाली नेताओं का आरोप है कि अनिल जोशी ने सत्ता में रहते हुए कांग्रेस नेताओं पर निशाने साधे थे और उन्होंने कई नेताओं पर पर्चे भी करवाए थे। जिसकी नाराजगी उन्हें अभी भी है। इसी नाराजगी के चलते अनिल जोशी को पार्टी जॉइन करवाने में 7 से 8 महीने का समय लग गया। अमृतसर नॉर्थ हल्के, जहां से अनिल जोशी ने जीत हासिल की थी, के पूर्व विधायक सुनील दत्ती ने बताया कि अनिल जोशी को पार्टी जॉइन करवाने की कोशिशें 7-8 महीने से ही शुरू हो चुकी थीं। ये आदेश एक-दो दिनों में नहीं लिए जाते हैं। अनिल जोशी खुद बता चुके हैं कि उनके पास आम आदमी पार्टी का भी प्रस्ताव था, लेकिन उन्होंने कांग्रेस जॉइन करने का निर्णय लिया। दूसरी पार्टी का कोई भी नेता अगर पार्टी जॉइन करे तो उससे संगठन को मजबूती ही मिलती है। बातचीत कर नाराजगी करेंगे दूर अमृतसर नॉर्थ के लोग मुझे प्यार करते हैं, वाले बयान पर सुनील दत्ती ने साफ किया कि लोग उन्हें भी प्यार करते हैं। आम आदमी पार्टी के कुंवर विजय प्रताप सिंह को भी करते हैं, तभी उन्हें जिताया गया है। जब कोई सत्ता में होता है तो सभी प्यार करते हैं। लेकिन एक राजनेता को सत्ता से बाहर भी प्यार मिले, वे जरूरी है। उन्होंने कहा कि आज उसे ही सफलता मिलेगी, जो काम करवाएगा। आज कर ये पेशा भी बहुत टफ हो चुका है। नाराज नेताओं को मनाएंगे दत्ती ने बताया कि कांग्रेस को जॉइन करने के लिए आम आदमी पार्टी, अकाली दल और भाजपा नेताओं की लाइन लगी है। पार्टी देखकर अच्छे बंदों को ला रही है। इससे पार्टी मजबूत होगी। जिन्हें नाराजगी है या जो नाराज है, उसे मनाने की बात भी होगी। साथियों के गिले शिकवे दूर किए जाएंगे।


