भास्कर न्यूज | राजनांदगांव राजपूत क्षत्रिय महासभा का 62वां वार्षिक महाधिवेशन राजपूत समाज ने उप समिति डोंगरगांव में मनाने का लिया निर्णय है। केन्द्रीय कार्यकारिणी की बैठक महाराणा प्रताप मंगल भवन चिखली में प्रभु श्रीराम और वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की पूजा अर्चना और जय घोष से की गई। सरस्वती वंदना देवी सिंह ठाकुर ने की। शैली राजपूत ने प्रभु श्रीराम के गीत और वंदन से कार्यक्रम की शुरुआत की। उप समिति के पदाधिकारियों ने महासभा के पदाधिकारियों को शॉल, श्रीफल भेंटकर सम्मानित किया। महासभा के अध्यक्ष बजरंग सिंह बैस ने कहा कि युवाओं और महिलाओं को प्राथमिकता देने फोकस किया गया। जिसमें युवक-युवती परिचय सम्मेलन, करियर काउंसिलिंग का आयोजन, सामूहिक विवाह को बढ़ावा देना एवं भूमि महासभा के कार्य को गति दी जा रही है। वहीं उप समिति राजनांदगांव व्यवस्था और कार्यों को सराहना मिली। उप समिति से पदाधिकारी महासभा में मनोनीत मीडिया सेल प्रमुख ठा. आदर्श सिंह का सम्मान किया गया। उप समिति अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह क्षत्रिय ने स्वागत भाषण में कहा कि समाज में एकजुटता लाना जरूरी है। रिक्त पद उप समिति स्तर युवा मंडल महिला मंडल अनेक पद को जल्दी पदाधिकारी बनाया जाएगा। सहसचिव सत्य राजपूत ने उनके पिता स्व. बंशी सिंह की स्मृति में एक कन्या पक्ष को आदर्श सामूहिक विवाह के लिए 11 हजार रुपए देने का निर्णय लिया है। समाज में शिक्षा के साथ ही संस्कार भी बेहद जरूरी है समाज की बैठक के दौरान उन्होंने कहा समाज की भावना में संस्कार और शिक्षा का महत्व है। नशा को दूर रखना समाज के लिए चुनौती है। भाईचारा से समाज भावना से सेवा कार्य में लगना चाहिए। उप समिति के शपथ लेने के बाद बहुत सारे कार्य उप समिति ने समाज स्तर में किया है। बैठक में कई विषयों पर निर्णय लिया गया महासभा के कोषाध्यक्ष नीरज सिंह क्षत्रिय ने सदस्यता अभियान पर जानकारी दी। वर्ष 2025-26 का सदस्यता के अंतिम जमा 30 नवंबर को लिया जाएगा। बैठक में लिए निर्णय का पुस्तिका में होगा प्रकाशन महासभा के समस्त उप समिति को एक रूपांतरण प्रदान करने अध्यक्ष सचिव कोषाध्यक्ष के प्रशिक्षण शिविर जोन स्तरीय किया जाएगा। दो चरणों में पहले सदस्यता अभियान के लिए बैठक एवं दूसरा प्रशिक्षण शिविर सभी उप समिति नामांकित परिषद अपना प्रभार प्राप्त करने बैंक खाते में नाम हस्ताक्षर एक माह के भीतर पूर्ण किया जाए। महासभा के केंद्रीय बैठक के निर्णय एक पुस्तिका के माध्यम से प्रकाशन किया जाएगा जिसका संयोजक महासभा के सह सचिव सत्येंद्र सिंह राजपूत को बनाया।


