धार नगर पालिका ने अपने वाहनों की निगरानी के लिए नई पहल शुरू की है। अब नगर पालिका के सभी वाहनों की लोकेशन सीधे कंट्रोल रूम से देखी जा सकेगी। इससे यह सुनिश्चित होगा कि वाहन कार्यालय से कब निकले और कहां-कहां गए, इसकी पूरी जानकारी अफसरों को मिलेगी और किसी तरह की गलत सूचना नहीं दी जा सकेगी। जीपीएस सिस्टम से होगी निगरानी नगर पालिका के कचरा संग्रहण के वाहन, ट्रैक्टर-ट्रॉली और अन्य चार पहिया वाहनों में जीपीएस सिस्टम लगाया गया है। अभी तक लगभग 24 वाहनों में यह तकनीक इंस्टॉल की जा चुकी है। कंट्रोल रूम का काम भी जल्द पूरा होगा, जहां से इन सभी वाहनों की लाइव लोकेशन और हाजिरी की जानकारी आधार आधारित प्रणाली से जुड़ी रहेगी। ई-अटेंडेंस प्रणाली की तैयारी नगर पालिका में जल्द ही पूरी तरह से ई-अटेंडेंस प्रणाली लागू की जाएगी। फिलहाल कर्मचारी मैन्युअली और फेस ऑथेंटिफिकेशन मशीन से अपनी हाजिरी दर्ज करते हैं, लेकिन भविष्य में आधार नंबर और मोबाइल नंबर के साथ बायोमेट्रिक सिस्टम के जरिए हाजिरी रिकॉर्ड की जाएगी। इसके लिए भोपाल से टीम आकर सर्वे करेगी। इस सिस्टम को भी ऑनलाइन कंट्रोल रूम से जोड़ा जाएगा। शिकायतों का होगा त्वरित निवारण सीएम हेल्पलाइन पर कई बार कचरा वाहन वार्ड में न आने की शिकायतें आती रही हैं। अब जीपीएस सिस्टम की मदद से हर वाहन की सटीक लोकेशन अफसरों के पास रहेगी। यदि कोई वाहन किसी वार्ड में नहीं गया है, तो इसकी जानकारी तुरंत शिकायतकर्ता को भी जीपीएस लोकेशन के माध्यम से दी जा सकेगी। नगर पालिका सीएमओ वीके सिंह ने बताया- 24 वाहनों में जीपीएस सिस्टम लगने से कार्य प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ेगी। कंट्रोल रूम पर वाहनों की लाइव लोकेशन प्राप्त होगी, जिससे कार्यकुशलता बेहतर होगी। धार नगर पालिका की यह पहल नगर सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने और जनता को बेहतर सेवाएं प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।


