प्रतापगढ़ में खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने के लिए एक विशेष अभियान शुरू किया गया है। खाद्य सुरक्षा आयुक्तालय, जयपुर की आयुक्त डॉ. टी. शुभमंगला और जिला कलेक्टर डॉ. अंजलि राजोरिया के निर्देश पर यह अभियान आज से 19 अक्टूबर 2025 तक चलेगा। दिवाली के त्योहार के मद्देनजर खाद्य पदार्थों और मिठाइयों की बढ़ती खपत को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। अभियान के तहत, खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जीवराज मीना के नेतृत्व में प्रतापगढ़ शहर की विभिन्न दुकानों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान खाद्य निर्माण इकाइयों, प्रोसेसिंग यूनिट्स, थोक विक्रेताओं और वितरक फर्मों की जांच की गई। खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुनील कुमार पामेचा ने मावे के पेड़े, केसर बाटी, रसगुल्ला, सोन पापड़ी और रिफाइंड सोयाबीन तेल से निर्मित नमकीन के नमूने लिए। इन नमूनों को जांच के लिए लैब भेजा गया है। निरीक्षण के दौरान, टीम ने मौके पर ही 15 किलोग्राम दूषित और खराब मिठाइयां, 5 किलोग्राम नमकीन और 5 किलोग्राम लड्डू नष्ट करवाए। खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुनील कुमार पामेचा ने बताया कि लैब रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि त्योहारी सीजन को देखते हुए विभाग द्वारा इस तरह की कार्रवाइयां लगातार जारी रहेंगी।


