पंजाब सरकार पर केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने एक बार फिर तंज कसा है। रवनीत सिंह बिट्टू ने बाढ़ प्रभावितों को सहायता देने राज्य सरकार पर गंभीर न होने के आरोप लगाए। बिट्टू का आरोप है कि आम आदमी पार्टी की सरकार बाढ़ प्रभावितों को सहायता देने के बजाए डिप्टी कमिश्नरों से यह रिपोर्ट ले रही है कि किस-किस जिले में केंद्रीय मंत्री आए हैं और क्या कहकर गए हैं? रवनीत सिंह बिट्टू का कहना है कि केंद्र सरकार के अलग-अलग मंत्रालयों के मंत्री व केंद्रीय टीमें पंजाब आकर बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों का जायजा ले रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पंजाब का दर्द है और वो पंजाब की अहमियत को जानते हैं। इसीलिए उन्होंने केंद्रीय मंत्रियों और अफसरों को पंजाब भेजा। बिट्टू का कहना है कि पंजाब सरकार के मंत्री एक बार भी दिल्ली आकर किसी केंद्रीय मंत्री से नहीं मिले। राज्य सरकार के मंत्री दिल्ली आते और केंद्रीय मंत्रियों से मिलकर अपने विभाग के नुकसान के बारे में चर्चा करते। केंद्र से बाढ़ पीड़ितों की मदद की बात करते। मंत्रियों को अपने महकमे के नुकसान का ही नहीं पता रवनीत सिंह बिट्टू बोले पंजाब सरकार के मंत्रियों ने बाढ़ ग्रस्त क्षेत्रों में हुए नुकसान की रिपोर्ट तक सही तरीके से तैयार नहीं की। मंत्रियों को अपने महकमे के नुकसान के बारे में ही पता नहीं। पंजाब सरकार के मंत्री और आम आदमी पार्टी वाले सिर्फ प्रेस कॉन्फ्रेंस करके केंद्र सरकार को कोस रहे हैं। उन्होंने सवाल किया कि राज्य सरकार ने जो मुआवजा घोषित किया हे उसमें से बाढ़ पीड़ितों को कितना जारी किया? भाजपा से डर रही है आम आदमी पार्टी सरकार रवनीत सिंह बिट्टू का कहना है कि आम आदमी पार्टी बाढ़ पीड़ितों के लिए कुछ नहीं कर रही है जबकि केंद्र की भारतीय जनता पार्टी की सरकार लगातार बाढ़ ग्रस्त इलाकों का दौरा करके रिपोर्ट तैयार कर रही है ताकि उनके नुकसान की सही भरपाई हो सके। बिट्टू ने कहा कि आम आदमी पार्टी डर रही हे कि केंद्रीय मंत्री लोगों के बीच जा रहे हैं और अगले चुनाव में इसका फायदा भाजपा को मिलेगा। बिट्टू ने कहा कि 2027 के चुनाव में लोग आप सरकार को बता देंगे कि कौन पंजाब का असली हितैषी है।


