भास्कर न्यूज | जालंधर चौगिट्टी फ्लाईओवर पर वीरवार को उस समय दिल दहला देने वाला हादसा हुआ, जब जीआरपी महिला कर्मचारी रेखा और उनकी 9 वर्षीय बेटी एक्टिवा पर घर लौट रहे थे। अचानक पीछे से आई मारुति शोरूम, करतारपुर की कंपनी कार ने उनकी स्कूटी को तेज टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि रेखा और उनकी बेटी सड़क पर गिर पड़े। हादसे में रेखा की उंगली, बाजू और पैर फ्रैक्चर हो गया। दर्द और खून से लथपथ अवस्था में भी रेखा ने सूझबूझ दिखाते हुए अपनी बेटी को हाईवे की तरफ गिरने से बचाया, नहीं तो बड़ा हादसा टलना मुश्किल था। कार चालक घटना के बाद भाग गया, लेकिन पुलिस ने गाड़ी नंबर के आधार पर उसे मौके पर बुलाकर जांच शुरू कर दी। मौके पर मौजूद लोगों ने बच्ची को सुरक्षित साइड पर किया और रेखा को प्राथमिक मदद दिलवाई। वहीं, हादसे की जानकारी रेखा की सहमी हुई बेटी ने कांपती आवाज में अपने पिता परमजीत को फोन पर दी- पापा… हमारा एक्सीडेंट हो गया… मम्मा को बहुत चोट लगी है। यह सुनकर परिवार टूट गया। रेखा के भाई कुलविंदर सिंह ने बताया कि उन्होंने मारुति शोरूम मालिकों को लगातार फोन किया, लेकिन उनकी तरफ से बेहद असंवेदनशील जवाब मिला- गाड़ियां रोज रोड पर चलती हैं, अगर ऐसे क्लेम देने लगे तो हम खाली हो जाएंगे। परिवार का कहना है कि गाड़ी का न तो इंश्योरेंस था और न ही ड्राइवर लाइसेंस दिखा पाया। पुलिस ने कार को कब्जे में लेकर दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर लिए हैं। घायल रेखा छह महीनों तक बिस्तर पर रह सकती हैं। परिवार ने इलाज और स्कूटी नुकसान की भरपाई की मांग की है। थाना सूर्य एनक्लेव के जांच अधिकारी बलकरन सिंह ने स्पष्ट किया कि यदि शोरूम प्रबंधन जिम्मेदारी नहीं लेता, तो कानूनी कार्रवाई अनिवार्य होगी।


