ACP मोहसिन का नाम लेते जुबान लड़खड़ाई….कई बार पानी पीया:IIT स्टूडेंट ने कहा- मेरे पास कई VIDEO; 16 पेज के बयान जज के सामने पढ़े गए

कानपुर के ACP मोहसिन खान के खिलाफ कोर्ट में पीड़िता IIT स्टूडेंट ने बयान दर्ज कराए। स्टूडेंट के बयान दर्ज होने के बाद केस की विवेचक एडीसीपी ट्रैफिक अर्चना सिंह ने 16 पन्ने के बयान पढ़ें। सोर्सेज के मुताबिक, हर बार ACP मोहसिन का नाम लेते हुए स्टूडेंट की जुबान लड़खड़ा गई। उसने बार-बार पानी मांगा और अपने साथ हुई ज्यादतियों को बताती रही। उसने कहा- ACP के कई वीडियो सबूत मेरे पास हैं। जज के सामने पीड़िता ने वही कहानी दोहराई है, जो उसने थाने में पुलिस के साथ कही और FIR में दर्ज कराई है। इसमें पहली मुलाकात से लेकर आखिरी मैसेज तक का जिक्र किया गया। सिक्योरिटी के बीच कोर्ट पहुंची स्टूडेंट
सोमवार की सुबह सिक्योरिटी के बीच छात्रा को IIT से कोर्ट लाई गई। यहां करीब 11:30 बजे पुलिस पीड़िता को लेकर पहुंच गई थी। शाम करीब 4:35 बजे कोर्ट से वापस IIT कानपुर वापस पहुंची। पीड़िता करीब 5 घंटे से ज्यादा समय तक कोर्ट में रूकी। इस दौरान वह स्ट्रैस में नजर आई। वहीं, पुलिस वाले भी उसे समझाते हुए नजर आए कि तुम्हे डरने की जरूरत नहीं है। इस दौरान उसने कई बार पानी भी मांगा। मोहसिन का नाम लेते हुए उसके चेहरे पर गुस्सा भी था। मगर वह नाम लेते हुए असजहज हो जाती थी। कई बार बयान की प्रक्रिया को बीच में रोकना भी पड़ा। छात्रा की आंखों में कई बार आंसू दिखाई दिए। सभी बयान कलमबंद दर्ज किए गए। गिरफ्तार हो सकते हैं ACP मोहसिन
रेपकांड के बाद सभी का एक ही सवाब है कि आखिर मोहसिन खान कहां हैं? इस पर पुलिस का कहना है, उनसे संपर्क करने का प्रयास किया जा रहा है। फिलहाल मुकदमा दर्ज होने के बाद से मोहसिन अपने घर नहीं पहुंचे है। यह माना जा रहा है कि कोर्ट में बयान दर्ज होने के बाद ACP की अरेस्टिंग हो सकती है। लखनऊ मुख्यालय भी नहीं पहुंचे
मोहसिन खान को कानपुर से हटाकर लखनऊ मुख्यालय में अटैच कर दिया गया था। सूत्रों के मुताबिक, FIR होने के बाद मोहसिन खान ने दूसरे दिन लखनऊ मुख्यालय में जाकर जॉइन किया। इसके बाद वह मेडिकल लगाकर चला गए। मोहसिन इसके बाद दोबारा वहां नहीं गए। उनकी करंट लोकेशन डिपार्टमेंट के अधिकारियों के पास ही है। पुलिस के भी हाथ में है कई सबूत
पुलिस ने इस मामले से जुड़े कई सबूत इकट्ठा किए है। पुलिस ने IIT के हॉस्टल से रजिस्टर, सीसीटीवी, डीवीआर अपने कब्जे में लिए थे। पुलिस के मुताबिक, रजिस्टर में मोहसिन खान की एंट्री है। सीसीटीवी फुटेज में भी मोहसिन खान हॉस्टल के अंदर आते-जाते दिख रहे हैं। पुलिस का कहना है कि अभी मामले की जांच चल रही है, कई और लोगों के भी बयान लिया जाएगा। अब पढ़िए 27 साल की छात्रा की आपबीती मेरी मुलाकात दिसंबर, 2023 में IIT कानपुर में ACP मोहसिन से हुई। एक-दूसरे का मोबाइल नंबर लिया। 23 जून, 2024 को उन्होंने मुझे फोन किया। कहा- मेरे गाइड में IIT से पीएचडी करना चाहते हैं। इसके लिए हेल्प चाहिए। मैंने हां कर दी। मैंने उनकी एडमिशन फीस जमा कराई। वॉक इन इंटरव्यू के टिप्स दिए। यहां उन्होंने इंटरव्यू दिया। उन्हें एडमिशन मिल गया। फिर हम दोनों करीब आ गए। इसी बीच खान ने रिश्ते का प्रस्ताव दिया। कहा- वह अविवाहित हैं। उस वक्त मैं एक ब्रेकअप के दर्द से गुजर रही थी। अकेलापन महसूस होता था, इसलिए भरोसा कर लिया। हम दोनों हॉस्टल के रूम में समय बिताने लगे। ACP ने मेरे साथ संबंध बनाए। इसी बीच, मुझे पता चला कि वह शादीशुदा हैं। इस बात को लेकर मेरा उनसे झगड़ा हुआ। तब जाकर मोहसिन ने मुझे कहा- उनका पत्नी से तलाक होने वाला है। उनकी 5 साल की बेटी है। फिर मैंने उन पर भरोसा कर लिया। इसी साल, 27 नवंबर को ACP पिता बने, तब जाकर सच्चाई सामने आई। इसके बाद मुझे अपने साथ धोखे का एहसास हुआ। मैं ACP के घर गई। तब पता चला कि तलाक की बात झूठी है। एसीपी अपनी पत्नी से कभी अलग नहीं हुए थे। छात्रा को निगरानी में रखा गया है। 12 दिसंबर को ही रात में हुआ छात्रा का मेडिकल FIR दर्ज होने वाले दिन यानी 12 दिसंबर की देर रात छात्रा का कल्याणपुर सीएचसी में मेडिकल कराया गया है। 10 बजे रात में छात्रा को पुलिस लेकर कल्याणपुर सीएचसी पहुंची। 2 घंटे तक छात्रा का मेडिकल हुआ। डीजीपी ने एसीपी मोहसिन खान को इसी साल सिल्वर मेडल से पुरस्कृत किया था। ACP को 10 साल की हो सकती है जेल छात्रा की शिकायत पर आरोपी ACP के खिलाफ भारतीय न्याय संहित (बीएनएस) की धारा-69 के तहत FIR दर्ज की गई है। इसके तहत किसी महिला को धोखे में रखकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाना अपराध है। अगर ACP पर आरोप सही साबित होता है, तो उन्हें 10 साल तक की जेल और जुर्माना हो सकता है। पीड़ित छात्रा ने 4 मांगें रखी 2013 बैच के PPS अफसर, DGP ने दिया सिल्वर मेडल मोहसिन खान 2013 बैच के पीपीएस अफसर हैं। लखनऊ में घर है। एक जुलाई, 2015 को उन्होंने सर्विस जॉइन की थी। कानपुर में 12 दिसंबर, 2023 से तैनात हैं। कानपुर में तैनाती के दौरान इसी साल एसीपी को 15 अगस्त पर DGP ने सिल्वर मेडल दिया था। वह आगरा और अलीगढ़ में तीन-तीन साल तैनात रहे हैं। ….. ये पढ़ें एक घंटे तक बंद मकान में जलते रहे ‘दादा’:ताला तोड़कर परिचित अंदर घुसे तब जाकर बुझी आग; रिटायर एयर फोर्स ऑफिसर के मौत की कहानी ‘दोपहर साढ़े तीन बजे के बाद मै घर के बाहर नहाकर निकली और बाल सुखाने लगी तो ‘दादा जी’ के कमरे की खिड़की से धुआं उठते देखा। बगल के रोशनदान से भी धुआं आ रहा था। मैंने दादा जी (दयाशंकर गुप्ता) को फोन किया। उनका मोबाइल स्विच ऑफ मिला। मोहल्ले के लोग जुट गए थे पूरी कहानी पढ़िए…

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