मध्यप्रदेश के वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने बुधवार को डॉ. मोहन यादव सरकार का तीसरा बजट पेश किया है। वित्तीय वर्ष 2026-27 का यह बजट 4 लाख 38 हजार 317 करोड़ रुपए का है। मध्यप्रदेश के बजट में सागर को ज्यादा कुछ नहीं मिला है, लेकिन इसमें सागर जिले के औद्योगिक क्षेत्र मसवासी ग्रंट को प्रोत्साहन पैकेज की मंजूरी दी गई है। बजट में कहा गया कि दिल्ली-नागपुर औद्योगिक कॉरिडोर के तहत बुंदेलखंड क्षेत्र में औद्योगिक विकास को गति देने के उद्देश्य से 1 हजार 500 एकड़ से अधिक भूमि पर सागर के औद्योगिक क्षेत्र मसवासी ग्रंट के लिए विशेष औद्योगिक प्रोत्साहन पैकेज को मंजूरी दी गई। इसके अलावा प्रदेश के मेडिकल कॉलेज में बढ़ाई की सीट्स को लेकर बात की गई, जिसमें कहा गया कि शासकीय चिकित्सा महाविद्यालयों में एमबीबीएस पाठ्यक्रम की 2 हजार 275 सीट्स से बढ़कर 2 हजार 850 और स्नातकोत्तर के लिए 1 हजार 262 सीट्स से बढ़कर 1 हजार 468 सीट्स हो गई है। इंदौर, रीवा, सतना के मेडिकल कॉलेज उन्नयन के साथ सागर, भोपाल, इंदौर, रीवा, जबलपुर और ग्वालियर के मेडिकल कॉलेज में उन्नत चिकित्सा सेवाओं की व्यवस्था की गई है। प्रदेश के अलग-अलग शहरों के साथ ही सागर में पीएम ई-बस सेवा संचालित होने की बात कही गई। इसके साथ ही बजट में हालही में सागर जिले में डॉ. भीमराव अंबेडकर अभयारण्य का उल्लेख किया गया है। 15 हजार शिक्षकों की होगी भर्ती
मध्यप्रदेश में सरकार ने बजट में युवाओं के लिए 15 हजार शिक्षकों की भर्ती करने का ऐलान किया है। इसके साथ ही प्रदेश में पुलिस विभाग में 22 हजार 500 पदों पर भर्ती प्रक्रिया चल रही है। पुलिसकर्मियों के लिए 11 हजार नए आवास बनाए गए हैं। 1 अप्रैल 2026 से परिवार पेंशन के तहत तलाकशुदा पुत्री को भी परिवार पेंशन देने का फैसला लिया गया है।


