अजमेर जिले के पुष्कर रेंज की अरावली पहाड़ी पर सूखी झाड़ियों में अचानक आग लग गई। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों की मदद से टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। फायर लेन काटकर आग को रोका रेंजर जय सिंह ने बताया कि फायर लेन काटकर आग को रोका गया। फायर लेन एक विशेष तकनीक है जिसमें ज्वलनशील सामग्री हटाकर नंगी पट्टी बनाई जाती है, जो आग के फैलाव को रोकती है। इससे आग एक जगह सीमित रह गई और आगे नहीं बढ़ सकी। सर्दियों में सूखी झाड़ियां आग का मुख्य कारण बनती हैं, लेकिन समय पर कार्रवाई से बड़ा नुकसान टल गया। पहाड़ की झाड़ियों में लगी आग ऐसे बुझाएं फायर लेन काटना, जंगल की आग नियंत्रण की एक महत्वपूर्ण तकनीक है। यह वनस्पति या ज्वलनशील सामग्री में एक चौड़ी पट्टी होती है, जहां झाड़ियां, घास, पेड़-पौधे और सूखी पत्तियां पूरी तरह हटा दी जाती हैं, ताकि मिट्टी का नंगा हिस्सा उजागर हो जाए। इसका उद्देश्य आग के फैलने की रफ्तार रोकना है। फायर लेन को काटना मतलब हाथ के औजारों या अन्य उपकरणों से एक निश्चित चौड़ाई आमतौर पर 10-60 फीट की पट्टी बनाना होता है। कभी-कभी इसमें नियंत्रित आग जलाकर भी पट्टी को और मजबूत बनाया जाता है। यह आग को रोकने के लिए बैरियर का काम करती है और अग्निशमन टीम को सरक्षित काम करने की जगह देती है।


