पंजाब में जब आम आदमी पार्टी की सरकार बनी तो फरवरी 2023 में नीले कार्ड धारकों का सर्वे करवाया गया। इनमें करीब 36,199 नीले कार्ड धारक अवैध पाए गए थे। इन कार्डों में 1.15 लाख लोग शामिल थे। इसमें यह भी सामने आया था कि कांग्रेस, अकाली, भाजपा नेताओं ने अपने वर्करों के जमकर नीले कार्ड बनवाए थे जो सिर्फ वोट बैंक बनाने के लिए ही किया गया। फूड एवं सिविल सप्लाई विभाग के अफसरों की मिलीभगत से यह सब कुछ हुआ था। इनमें सबसे ज्यादा एग्रीकल्चर लैंड से सालाना 5 लाख आय वाले करीब 65000 हजार के करीब लोग थे, तो 1000 से अधिक का बिजली बिल भुगतान 35057 तो करीब 3034 सरकारी नौकरी वालों के भी राशन कार्ड बन गए। इतना ही नहीं 2858 मृतक भी राशन कार्ड के जरिए राशन लेते हुए पाए गए। इसके अलावा 1798 असलहा लाइसेंधारक व 8035 ऐसे भी लोग शामिल थे जो लग्जरी कार व ट्रक और बसों के मालिक थे। इतना ही नहीं सरकारी विभाग से रिटायर्ड होने के बाद अब 7वें पे कमीशन के लिए लड़ाई लड़ रहे बुजुर्ग भी नीले कार्ड बनवा चुके थे। अब विभाग उन नीले कार्ड धारकों को ढूंढ रहा है जिन्होंने ईकेवाईसी नहीं करवाई है। जिले में 3,54,407 लाख नीले कार्ड धारक हैं जिनमें से 82 प्रतिश की ही ईकेवाईसी हो पाई है। फूड एंड सिविल सप्लाई कंट्रोलर हरवीन कौर का कहना है कि उच्चाधिकारियों से आदेश है कि ईकेवाईसी करवाई जाए। विभाग का स्टाफ पूरे जोर-शोर से काम कर रहा है। अभी उन लोगों की ईकेवाईसी करवाने पर जोर है, जिन्होंने नहीं कराई है। जब तक उच्चाधिकारियों का आदेश नहीं आता, तब तक यह काम जारी रहेगा। जिन लोगों की ईकेवाईसी नहीं हुई है, उनके नीले कार्ड काटने के कोई आदेश नहीं आए है, जब आदेश आएंगे तो उसके तहत ही कार्रवाई की जाएगी। अजनाला 13325 अटारी 2916 छेहर्टा 8419 चौगांवां 8635 गुमटाला 1812 हर्षाछीना 3159 जंडियाला 6153 जैंतीपुर 2863 कत्थूनंगल 2194 मजीठा 3631 राजासांसी 1382 रईया 7841 मेहता 4578 मत्तेवाल 2399 तरसिक्का 7019 अमृतसर 31006 वेरका 4657 भगतांवाला 3887 विक्की कुमार | अमृतसर फूड एंड सिविल सप्लाई विभाग के लिए जिले के 1.15 लाख लोग सिरदर्द बन चुके हैं जो ईकेवाईसी के लिए नहीं आ रहे हैं। अब विभाग के अधिकारियों ने कर्मचारियों को निर्देश दिए हैं कि उन नीले कार्डधारकों को ढूंढे जिन्होंने ईकेवाईसी नहीं करवाई है। अब विभाग के कर्मचारी डिपो होल्डरों के साथ-साथ विभिन्न इलाकों में धक्के खा रहे हैं। हैरानी की बात है कि इनमें 2858 नीले कार्ड धारक मर चुके है तो ऐसे में उन्हें ढूंढना मुमकिन ही नहीं है लेकिन विभाग उन्हें ढूंढने के आदेश दे रहा है। बता दें कि केंद्र सरकार की ओर से अप्रैल 2025 में विभाग को आदेश हुए थे, जिसके बाद अभी तक विभाग सिर्फ 82 प्रतिशत नीले कार्ड धारकों की ईकेवाईसी कर पाया है।


