अमृतसर के खासा क्षेत्र में शनिवार रात एनकाउंटर में लकी ओबेरॉय हत्या के आरोपी शमिंदर को टांग पर गोली लगी। एनकाउंटर के बाद आरोपी को रोते-चिल्लाते भी देखा गया।आरोपी ने चिल्लाते हुए बोला, गलती हो गई, एक बार बचालो, दुबारा नहीं करता । इस मामले में (DIG) बॉर्डर रेंज संदीप गोयल ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि हत्या के तुरंत बाद पंजाब सरकार और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशानुसार गैंस्टर विरोधी अभियान तेज कर दिया गया। मिली जानकारी के आधार पर अमृतसर के खासा इलाके में सक्रिय एक आरोपी को पकड़ने के लिए विशेष टीमें बनाई गईं। एसएसपी अमृतसर देहाती सुहैल कासिम मीर की अगुवाई में पुलिस ने इलाके में नाकाबंदी और चेकिंग शुरू की। इस दौरान एक संदिग्ध आरोपी मोटरसाइकिल पर आते हुए देखा गया। जब पुलिस ने रुकने का इशारा किया, तो आरोपी ने भागने की कोशिश की और बाइक से गिर गया। गिरने के बावजूद आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में आरोपी जख्मी हुआ और उसे गिरफ्तार कर लिया गया।पुलिस ने मौके से बरेटा ‘मेड इन इटली’ पिस्तौल, बरामद की। गिरफ्तार आरोपी की पहचान शमिंदर के रूप में हुई है। DIG संदीप गोयल और पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले में शामिल अन्य आरोपियों और साजिशकर्ताओं की तलाश जारी है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी दोषियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस कार्रवाई से पंजाब में गैंस्टर और अपराधियों के खिलाफ चल रही मुहिम को बड़ी सफलता मिली है। 6 फरवरी को गोलियां मारकर की थी हत्या AAP नेता की (6 फरवरी) गोलियां मारकर हत्या कर दी गई। पोस्टमॉर्टम के दौरान शरीर से 5 गोलियां निकाली गईं। 1 गोली गले में राइट साइड, 2 पेट में राइट साइड और 2 सीने में लगी थीं। लक्की राजनीति में होने के साथ रियल एस्टेट कारोबार से जुड़े थे। मर्डर का कारण खालसा कॉलेज की प्रधानगी को बताया गया। 43 साल के ओबरॉय के घर में उनकी मां, पत्नी, 2 बेटियां और 1 बेटा है। ओबरॉय आम आदमी पार्टी से जालंधर कैंट में वार्ड-35 के हलका इंचार्ज थे।


