गुजरात आतंकवाद निरोधक दस्ते ATS ने बेंगलुरु के हेब्बल इलाके से शमा परवीन को गिरफ्तार किया है। ATS ने बुधवार को बताया कि शमा अलकायदा से जुड़े एक अंतरराज्यीय आतंकी मॉड्यूल का हिस्सा है। इसे 29 जुलाई को अरेस्ट किया गया। वहीं, शमा परवीन कोडरमा जिले के झुमरीतिलैया शहर के असनाबाद छठ तालाब के निकट की रहने वाली है। शमा के चचेरे भाई समीर अहमद ने बताया कि अपने पिता शमशुल हक की 2019 में मौत के बाद से शमा परवीन का पूरा परिवार बेंगलुरु में रहता है। शमा प्रवीण 2 भाई व तीन बहनें हैं। मकान को किराए पर लगाकर बेंगलुरु चले गए
समीर अहमद ने बताया कि शमा के भाई पिता के देहान्त से पहले से ही बेंगलुरु में बतौर सॉफ्टवेर इंजीनियर कार्यरत थे। यही वजह रही कि शमा का पूरा परिवार असनाबाद स्थित अपने पूर्वजों के मकान को किराए पर लगाकर बेंगलुरु चले गए। उन्होंने बताया कि शमा परवीन तीन बहनें हैं, जिसमें उसकी बड़ी बहन की शादी गिरिडीह जिले में हुई है। वहीं, उसकी दूसरी बहन कोलकाता में एग्रीकल्चर साइंटिस्ट के रूप में कार्यरत हैं। तीन बहन व दो भाइयों में शमा परवीन सबसे छोटी है। पिता आरा मिल चलाते थे, गंभीर बीमारी से हुई थी मौत
समीर अहमद ने बताया कि शमा के पिता 5 भाई थे। सभी अपना-अपना व्यापार करते थे। इसमें शमा के पिता घर से कुछ ही दूरी पर एक आरा मिल चलाते थे। 2019 में डायबिटीज और रक्तचाप जैसी बीमारी की वजह से उनकी मौत हो गई थी। काफी शांत स्वभाव की थी शमा
शमा के चचेरे भाई समीर ने बताया कि शमा की प्रारंभिक शिक्षा स्थानीय सीडी गर्ल्स स्कूल से पूरी हुई थी। शमा बचपन से ही काफी शांत स्वभाव की लड़की रही है। वह हमेशा पर्दे में रहती थी। वह अपने भाइयों के समक्ष भी पर्दे में ही जाती थी। शमा भी पढ़ाई में तेज रही हैं
बताते चलें कि शमा का पूरा परिवार उसके भाई आजम और शमशेर सॉफ्टवेयर इंजीनियर जबकि उसकी बड़ी बहन शबनम भी काफी पढ़ी लिखी हैं और उसकी दूसरी बहन शाहीन बतौर कृषि वैज्ञानिक कोलकाता में कार्यरत हैं। जबकि शमा भी पढ़ाई में तेज रही हैं। तिलैया थाना प्रभारी विनय कुमार भी शमा के घर पहुंचे और उससे जुड़ी सभी चीजों पर गंभीरता पूर्वक जांच कर रहे हैं।


