कोडरमा में आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 226 में भोजन खाने के कारण कई बच्चे बीमार हो गए हैं। बुधवार को ग्रामीण आंगनबाड़ी पहुंचे और हंगामा शुरू कर दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि सेविका ने बासी खिचड़ी और खराब अंडे खिला बच्चों की तबीयत बिगाड़ दी। वहीं, हंगामे की सूचना के बाद प्रभारी बीडीओ मनोज कुमार भी मौके पर पहुंचे और मामले की छानबीन की। जांच में यह बातें स्पष्ट हुई हैं कि बच्चों को खराब खाना परोसा गया था। वहां रखे अंडे भी पूरी तरह से खराब पाए गए। वहीं, सेविका मंजू देवी ने कहा कि उन्हें झूठे मामले में फंसाने की साजिश की जा रही है। आंगनबाड़ी केंद्र से वापस घर पहुंचने पर बच्चे पड़े बीमार दरअसल, मंगलवार को जब बच्चे आंगनबाड़ी केंद्र से वापस घर पहुंचे तो देर शाम वे बीमार पड़ने लगे। कुछ के पेट में दर्द होने लगा तो कुछ को उल्टी होने लगी। बच्चों ने परिजनों को बताया कि आंगनबाड़ी के भोजन को खाने के बाद से तबीयत खराब हुई है। ग्रामीण सुबह आंगनबाड़ी पहुंचे और दो दिन पहले बनी खिचड़ी और लगभग 1 महीने पहले का लाया हुआ अंडा देख भड़क गए। लोगों का आरोप है कि बासी खिचड़ी और खराब अंडा खाने से बच्चों की तबीयत बिगड़ी है। ये बच्चे हुए बीमार
इधर, खराब खाना खाने वाले बच्चों में मो. अरहान, मो. अरमान, सिद्दत परवीन, अनवर अंसारी व सकीला परवीन के नाम शामिल हैं। इनके परिजनों ने बताया कि बच्चों का इलाज करवाया गया है। फिलहाल ये सभी स्वस्थ हैं। बच्चों को खराब खाना परोसा गया था। वहां रखे अंडे भी पूरी तरह से खराब पाए गए है। आंगनबाड़ी केंद्र में कुल 33 बच्चे नामांकित हैं लेकिन आज एक भी बच्चे उपस्थित नहीं थे। बच्चों से संबंधित उपस्थिति सूची की मांग जब सेविका से की गई तो उन्होंने बताया कि उपस्थिति पंजी वे अपने घर में ही भूल गई हैं। जांच की जानकारी वरीय पदाधिकारी को दी जाएगी, जिसके बाद उचित कार्रवाई भी की जाएगी। -मनोज कुमार, प्रभारी प्रखंड विकास पदाधिकारी, कोडरमा सदर


