हनुमानगढ़ में आम आदमी पार्टी (आप) के कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर लद्दाख के सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की रिहाई की मांग को लेकर मौन व्रत रखा। यह प्रदर्शन जिला कलेक्ट्रेट के पार्क में स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा के समक्ष एक घंटे तक चला। कार्यकर्ताओं ने सचिन कौशिक के नेतृत्व में महात्मा गांधी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए। इस दौरान उन्होंने अहिंसा और सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा लेते हुए गांधी जी के विचारों को समाज में जीवित रखने का संकल्प लिया। आप नेताओं ने कहा कि वर्तमान दौर में अन्याय और दमन के खिलाफ अहिंसक प्रतिरोध सबसे बड़ा हथियार है। उन्होंने महात्मा गांधी के विश्वव्यापी सत्य और अहिंसा के संदेश को संघर्ष का प्रभावी साधन बताया। सचिन कौशिक ने जोर देकर कहा कि जब समाज कई चुनौतियों से गुजर रहा है, तब गांधी जी के विचार और भी अधिक प्रासंगिक हो जाते हैं। उन्होंने अहिंसा को केवल एक सिद्धांत नहीं, बल्कि जीवन जीने का तरीका बताया, जिससे स्थायी शांति संभव है। कौशिक ने सोनम वांगचुक जैसे सामाजिक कार्यकर्ताओं की आवाज दबाने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने सरकार से लोकतांत्रिक मूल्यों का सम्मान करते हुए वांगचुक को तुरंत रिहा करने की मांग की। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह मौन प्रदर्शन प्रतीकात्मक है, जिसका उद्देश्य जनचेतना जगाना है। आप कार्यकर्ताओं ने कहा कि जब तक समाज में अन्याय और असमानता मौजूद है, तब तक गांधी के विचार मार्गदर्शक बने रहेंगे। कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को नमन किया और सत्य व अहिंसा के मार्ग पर चलने का संकल्प दोहराया।


