राष्ट्रीय जनजाति आयोग के अध्यक्ष अंतर सिंह आर्य सिंगरौली जिले के तीन दिवसीय दौरे पर है। इस दौरान उन्होंने जिले के जनजाति विकास में कई कमियां पाई। उन्होंने अधिकारियों की बैठक लेकर कहा कि आदिवासी इलाकों में आज भी बुनियादी सुविधाओं की कमी है, जिसे जल्द दूर करना जरूरी है। छात्रों से किया संवाद दौरे के पहले दिन आयोग अध्यक्ष बैढ़न स्थित डिग्री कॉलेज पहुंचे। यहां उन्होंने छात्रों से सीधे बातचीत की और उनकी समस्याएं सुनीं। छात्रों ने पढ़ाई से जुड़ी सुविधाओं, संसाधनों की कमी और रोजगार के अवसरों पर अपनी बात रखी। अधिकारियों के साथ की समीक्षा बैठक इसके बाद अंतर सिंह आर्य ने कलेक्ट्रेट में जिले के सभी विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में जनजाति कल्याण से जुड़ी योजनाओं और उनके क्रियान्वयन की समीक्षा की गई। उन्होंने अधिकारियों से जमीनी स्तर पर काम तेज करने को कहा। सड़क और बिजली सबसे बड़ी परेशानी मीडिया से बातचीत में आयोग अध्यक्ष ने कहा कि सिंगरौली जिले में सड़क और बिजली की समस्या सबसे गंभीर है। अनुसूचित जाति और जनजाति वर्ग के लोगों के रहने वाले क्षेत्रों में अब भी ठीक सड़कें नहीं हैं और बिजली व्यवस्था भी कमजोर है। उन्होंने अधिकारियों को इन समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल करने के निर्देश दिए। धरती आबा योजना की जानकारी दी अंतर सिंह आर्य ने बताया कि प्रधानमंत्री धरती आबा योजना का सर्वे सिंगरौली सहित पूरे देश में चल रहा है। इस योजना के तहत आदिवासी बहुल क्षेत्रों की पहचान कर वहां विकास कार्य किए जाएंगे।


