इंदौर के विजय नगर इलाके में शनिवार को घटना घटित हो गई। दो महिलाओं को शंकरा आई हॉस्पिटल लेकर जा रही ई-रिक्शा की बैटरी अचानक फट गई। जिसके कारण ई-रिक्शा में सवार मां-बेटी गंभीर रूप से जल गई, जबकि ई-रिक्शा का ड्राइवर भी झुलस गया। घटना के बाद आसपास के लोग एकत्रित हो गए और उन्होंने आग पर काबू पाया और घायलों को एमवाय अस्पताल में भर्ती किया गया है, जहां मां-बेटी की हालत गंभीर बताई जा रही है। विजय नगर टीआई चंद्रकांत पटेल के मुताबिक घटना शनिवार सुबह स्कीम नंबर 54 की है। रामकुंवर बाई (85) पति नाथु सिंह निवासी दिग्गी राजा नगर, जिला देवास और उनकी बेटी पवित्रा बाई (50) पति विजय चौहान निवासी निरंजनपुर नई बस्ती।
दोनों सुखलिया से ई-रिक्शा में सवार होकर शंकरा आई हॉस्पिटल जा रही थी। अस्पताल पहुंचने के थोड़ा पहले ही ई-रिक्शा की बैटरी अचानक फट गई। बैटरी फटने से उसमें आग लग गई, जिसके कारण पीछे बैठी दोनों मां-बेटी गंभीर रूप से जल गई। वहीं हादसे में ई-रिक्शा का चालक अरुण गुप्ता भी झुलस गया। लोगों ने की मदद, एम्बुलेंस से अस्पताल भेजा इधर, घटना के बाद सुनील वर्मा जो पैरामेडिकल स्टाफ है वह और आसपास के लोग तुरंत इनकी मदद को पहुंचे। जैसे-तैसे आग पर काबू पाया और दोनों को मां-बेटी को एम्बुलेंस की मदद से एमवाय अस्पताल भेजा गया। जहां उनका इलाज चल रहा है। हादसे में दोनों ही महिला गंभीर रूप से जल गई है। दोनों को एमवाय की बर्न यूनिट में भर्ती किया गया है। ई-रिक्शा में लगा रखी थी एक्स्ट्रा बैटरी घटना के बाद पुलिस ने जांच की तो पता चला कि ई-रिक्शा के ड्राइवर में अपनी ई-रिक्शा में एक्स्ट्रा बैटरी लगा रखी। जिसके कारण ये हादसा हुआ है। इस मामले में पवित्रा के भाई ईश्वर पिता नाथु सिंह सोलंकी की शिकायत पर पुलिस ने शनिवार को शाम को मामले में ई-रिक्शा के चालक अरुण गुप्ता के खिलाफ 125(बी) बी.एन.एस एवं 198 एमवी एक्ट की धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। डायल 112 से रस्सी से बांधकर ले गए ई-रिक्शा घटना की जानकारी मिलने के बाद विजय नगर पुलिस और डायल 112 मौके पर पहुंची। जिसके बाद डायल 112 से ई-रिक्शा को रस्सी से बांधकर ले जाया गया। मामले में पुलिस ओर भी जांच कर रही है।


