इंदौर में बाल श्रम के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई। संस्था आस एक्सेस टू जस्टिस टीम और सरकारी विभागों की संयुक्त टीम ने मंगल नगर में छापेमारी की। संस्था आस के राहुल गोठाने ने बताया कि टीम ने हरमन चायवाला और OTT कैफे से पांच किशोर श्रमिकों को मुक्त कराया। ये सभी किशोर इंदौर के महादेव नगर और पिपलिया पाला के रहने वाले हैं। इनकी उम्र 14 से 17 वर्ष के बीच है। किशोरों ने बताया कि वे कैफे में चाय बनाने, सर्व करने और सफाई का काम करते थे। उन्हें इस काम के लिए हर महीने 5 से 6 हजार रुपए मिलते थे। टीम ने दोनों प्रतिष्ठानों के मालिक जय कपूर और सौम्या जोशी को बाल श्रम कानून की जानकारी दी। उन्हें बच्चों और उनके परिवार से जुड़े दस्तावेज के साथ जिला बाल कल्याण समिति के सामने पेश होने को कहा गया। इस कार्रवाई में महिला एवं बाल विकास विभाग से आशीष गोस्वामी, श्रम विभाग से श्रेया झा शामिल थीं। संस्था आस की टीम में राहुल गोठाने, मोनिका वाघाये, शिवकन्या बघेल और श्रीराम ओसाई थे। विशेष किशोर पुलिस इकाई से सुषमा पारसकर और थाना भवरकुंआ से अशोक भी मौजूद रहे।


