लुधियाना | इस्लामिक कैलेंडर के पहले महीने मोहर्रम की शुरुआत पर किशोर नगर गली नंबर 1 में मिलाद की महफिल आयोजित की गई। इसमें सैकड़ों लोगों ने शिरकत की और इमाम हुसैन की कुर्बानियों को याद किया गया। मुख्य मेहमान सैयद साबिर अली रजवी ने इस्लाम में सलाम करने की अहमियत बताते हुए कहा कि सलाम करने वाले को 90 और जवाब देने वाले को 10 नेकियां मिलती हैं, इसलिए मुसलमानों को सलाम को अपनी आदत बनाना चाहिए। इसके बाद कारी नय्यर रजा, हाफिज़ लुकमान, मौलाना आशिक़ रज़ा, मौलाना मिकाइल, हाफिज हैदर और मौलाना आज़ाद ने इस्लाम की शिक्षा और मोहर्रम के इतिहास पर रोशनी डाली। कार्यक्रम में हदीस अली साबिर अली, इकबाल, मुराद, रहीम आशिक़, सोनू और मोहम्मद आवेज़ समेत कई स्थानीय लोग मौजूद रहे। महफिल के अंत में अमन और भाईचारे की दुआ की गई।


