प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की रिमांड में चल रहे सौरभ शर्मा, चेतन सिंह और शरद जायसवाल से पूछताछ जारी है। इस बीच, आयकर विभाग ने भी 52 किलो सोने और 11 करोड़ नकदी से भरी कार से मिली डायरी की जांच शुरू कर दी है। इसमें 52 आरटीओ, परिवहन विभाग के अधिकारियों और ज्वेलर्स के नामों के साथ लेनदेन का ब्योरा दर्ज है। संबंधित लोगों को नोटिस भेजे गए हैं और जल्द ही उनसे पूछताछ होगी।
इसके अलावा, शरद और चेतन से उनकी कंपनियों में भागीदारी और निवेश के स्रोतों को लेकर पूछताछ हो रही है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि सोना और नकदी कहां से आई और इसका इस्तेमाल कहां किया जाना था। इससे पहले गुरुवार सुबह तीनों आरोपियों का जेपी अस्पताल में मेडिकल चेकअप कराया गया। इसके बाद ईडी ने पूछताछ शुरू की, जिसमें सौरभ के घर और कार्यालय में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग का उपयोग किया जा रहा है। ये फुटेज तीस दिन पुरानी हैं, जिनमें उसके घर और कार्यालय में आने-जाने वाले लोगों की पहचान और गतिविधियों की जांच की जा रही है। परिजनों की अर्जी खारिज, वकील कर सकेंगे मुलाकात
ईडी ने गुरुवार को विशेष न्यायाधीश सचिन कुमार घोष की कोर्ट में सौरभ, चेतन और शरद के परिवार से मुलाकात की अर्जी का विरोध किया। एजेंसी का तर्क था कि आरोपियों के परिजनों के नाम पर भी कंपनियां और संपत्तियां हैं, जिनकी जांच जारी है। कोर्ट ने अर्जी खारिज कर दी, हालांकि, आरोपियों को अपने वकीलों से मिलने की अनुमति दी गई है। परिजनों ने ईडी की हिरासत में सौरभ, चेतन और शरद से मिलने की अनुमति मांगी थी।


