भास्कर न्यूज | अंबिकापुर/सीतापुर एग्रीस्टैक और सोसायटी मॉड्यूल में तकनीकी खामी ने सरगुजा संभाग के हजारों किसानों की परेशानी बढ़ा दी है। सरगुजा, बलरामपुर, सूरजपुर, कोरिया और एमसीबी जिलों में करीब 12 हजार से अधिक किसान धान नहीं बेच पाएंगे। एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन के बावजूद किसानों के नाम सोसायटी मॉड्यूल में नहीं दिख रहे हैं, जिससे उन्हें खरीदी केंद्रों से लौटाया जा रहा है। किसान मजबूरी में तहसील, पटवारी कार्यालय, समितियों और कलेक्ट्रेट के चक्कर काट रहे हैं, पर समाधान नहीं हो रहा है। किसानों का कहना है कि जब वे धान बेचने सोसायटी पहुंचते हैं, तो वहां से पटवारी या तहसीलदार के पास भेजा जाता है। पटवारी और तहसील कार्यालय से किसानों की जानकारी कलेक्टर कार्यालय भेजी जा रही है। कलेक्टर कार्यालय से यह जानकारी प्रदेश सरकार को भेजी जा रही है, इसके बावजूद समस्या जस की तस है। राजस्व विभाग इसे खाद्य विभाग से जुड़ी तकनीकी समस्या बताकर अपना पल्ला झाड़ रहे हैं। सेतराम बड़ा ने बताया वे 5 बार चॉइस सेंटर जा चुके हैं। हर बार पंजीयन की प्रक्रिया पूरी होने की बात कही जाती है, पर सोसायटी मॉड्यूल में जानकारी अपडेट नहीं हो रही। जनवरी तक खरीदी होनी है। यदि तय अवधि में धान नहीं बिका तो बाजार में कम कीमत पर फसल बेचना पड़ेगा। सरगुजा जिले के 54 धान खरीदी केंद्रों में बुधवार को 872 किसानों ने 41550 क्विंटल धान बेचा। अब तक 20466 किसान 11 लाख 32435 क्विंटल धान बेच चुके हैं। इसमें 2960 क्विंटल धान का उठाव बुधवार को हुआ। 4 मिलर के जरिए 41540 क्विंटल धान का उठाव किया गया है। सरगुजा और कोरिया जिले में 3-3 हजार किसान परेशान… सरगुजा जिले में 3 हजार और कोरिया जिले में भी 3 हजार किसान परेशान हैं। खाद्य विभाग भी मान रहा है कि यह तकनीकी समस्या है। रायपुर के स्टेट प्रोग्रामर लक्ष्मीकांत ने कहा यह समस्या खाद्य विभाग की साइट से हो रही है, जिसे दूर जल्द दूर करेंगे। किसानों के नाम अब भी सिस्टम में नहीं दिख रहे सरगुजा जिले के सीतापुर विकासखंड में स्थिति सबसे गंभीर है। यहां 924 किसान ऐसे हैं, जो धान नहीं बेच पा रहे हैं। बुधवार को इनमें से केवल 54 किसानों की जानकारी ही सोसायटी मॉड्यूल में अपडेट हो सकी, जबकि शेष किसानों के नाम अभी भी सिस्टम में नहीं दिख रहे हैं। इससे नाराज किसानों ने पहले चक्काजाम भी किया था और अब एक बार फिर आंदोलन की चेतावनी दी है। 90 किसानों की जानकारी अपडेट हुई, समाधान होगा ^किसानों की समस्या को लेकर उच्चाधिकारियों से लगातार चर्चा कर रहे हैं। किसानों की जानकारी राज्य सरकार को भेजी गई है। राजापुर के 90 किसानों की जानकारी अपडेट हो गई है। तकनीकी खामी को दूर करने के प्रयास किए जा रहे हैं और जल्द ही समाधान निकाल लिया जाएगा। शिवेंद्र कामथे, जिला खाद्य अधिकारी, अंबिकापुर राजापुर सोसायटी में 44 किसान भटक रहे सीतापुर के सेतराम बड़ा, अनुरंजन तिर्की, जगनराम एक्का, विवेक गुप्ता और संतोष गुप्ता ने बताया कि वे कई दिन से धान बेचने और रकबा जुड़वाने भटक रहे हैं। राजापुर सोसायटी से पटवारी व तहसीलदार के पास भेज देते है। इसी सोसायटी में 44 किसान ऐसे हैं, जिनका धान नहीं खरीदा जा सका है। सरल क्रमांक-86 से 130 तक कई किसानों की जानकारी सोसायटी मॉड्यूल में अपडेट नहीं है।


