खंडवा में जलसंकट को लेकर महिलाओं ने चक्काजाम कर दिया। विरोध-प्रदर्शन के दौरान मौके पर पहुंचे एसडीएम बजरंग बहादुर ने प्रदर्शन कर रही महिलाओं को कार्रवाई कर एफआईआर की धमकी दी। जिस पर महिलाओं ने कहा- आप इतने बड़े अधिकारी हैं, इस तरह की भाषा शोभा नहीं देती।” महिलाओं ने कहा कि वे गृहिणियां हैं और नियम-कायदे नहीं जानतीं, लेकिन जब हालात असहनीय हो गए तो सड़कों पर उतरने को मजबूर हुईं। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि SDM ने न केवल धमकी दी, बल्कि बदसलूकी करते हुए अफसरशाही का रौब भी दिखाया। दो हफ्तों से यहां पानी की किल्लत
बता दें कि शहर में नर्मदा पाइपलाइन के बार-बार फूटने से दो हफ्तों से लगातार पानी की किल्लत है। रविवार को लोगों का सब्र टूट गया। उन्होंने इंदिरा चौक पर प्रदर्शन किया। इस बीच महिलाओं और SDM बजरंग बहादुर के बीच तीखी बहस हो गई। घटना का वीडियो भी सामने आया है। महिलाएं बोलीं-आप इस तरह बात नहीं कर सकते अफसरों से बोले-आपकी भाषा में शालीनता होनी चाहिए
इस घटनाक्रम के दौरान सीएसपी अभिनव बारंगे, तहसीलदार महेश सोलंकी और टीआई अशोक सिंह चौहान भी मौके पर मौजूद रहे। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने अधिकारियों से कहा कि आप पढ़े-लिखे लोग हैं, आपकी भाषा में शालीनता होनी चाहिए। एसडीएम बोले- चक्काजाम अपने आप में अपराध है
एसडीएम बजरंग बहादुर का कहना है कि पानी की समस्या को लेकर महिलाओं ने नगर निगम के तीन-चार कर्मचारियों से संपर्क कर उनसे शिकायत की थी। समस्या का समाधान ना होने पर उन्होंने चक्काजाम कर दिया। जबकि ऐसा करना गलत है, चक्काजाम अपने आप में अपराध है। उस क्षेत्र में पानी की बराबर सप्लाई ना होने के संबंध में हमने नगर निगम और विश्वा कंपनी के लोगों को वाल्व चेक करने के निर्देश दिए हैं।


