झालावाड़ में सड़क दुर्घटनाओं के मुआवजे के निपटान और पीड़ितों को समय पर न्याय दिलाने के उद्देश्य से e-DAR (इलेक्ट्रॉनिक विस्तृत दुर्घटना रिपोर्ट) पोर्टल का ऑनलाइन शुभारंभ किया गया है। राजस्थान के तीन जिलों में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर शुरू किए गए इस पोर्टल में झालावाड़ को भी शामिल किया गया है, जहां यह जिला दूसरे स्थान पर रहा है। झालावाड़ एसपी अमित कुमार बुडानिया ने e-DAR पोर्टल का शुभारंभ किया। सदर थानाधिकारी रामस्वरूप राठौर और कॉन्स्टेबल संदीप कुमार ने झालावाड़ में इसके सफल क्रियान्वयन में विशेष भूमिका निभाई है। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय तथा राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (NIC) ने मिलकर इस पोर्टल को विकसित किया है। इसका मुख्य लक्ष्य सड़क दुर्घटनाओं का एक व्यापक डेटाबेस तैयार करना है। एसपी ने बताया कि e-DAR का उद्देश्य दुर्घटनाओं की पूरी जानकारी को डिजीटल तरीके से दर्ज कर सड़क दुर्घटना पीड़ितों को सही सहायता और सड़क सुरक्षा को बेहतर बनाना है। इसी के साथ राज्य सरकार की राहवीर योजना के तहत प्रतिमाह तीन राहवीरों को पुरस्कृत किया जाएगा। उन्होंने कहा कि I-RAD (एकीकृत सड़क दुर्घटना डेटाबेस) और e-DAR पोर्टल पर दुर्घटना के कारण, जांच और अन्य संबंधित जानकारी अपलोड की जाती है। यह प्रणाली पुलिस, परिवहन विभाग, सड़क निर्माण विभाग, अस्पताल, अदालत और बीमा कंपनियों को एक ही मंच पर जोड़ती है, जिससे सूचना का आदान-प्रदान सुगम होता है। जिला सूचना विज्ञान अधिकारी महेंद्र कुमार राठौर ने बताया कि I-RAD पोर्टल को i-e-DAR के रूप में अपडेट किया गया है। केंद्रीय मोटर वाहन अधिनियम एवं नियम 2022 के तहत पुलिस विभाग से संबंधित फॉर्म 1 से 10 तक विकसित किए गए हैं। e-DAR पोर्टल I-RAD का ही एक उन्नत संस्करण है, जो सड़क दुर्घटना से संबंधित सभी जानकारियों का डेटाबेस एक जगह रखता है। अदालतों और e-DAR के एकीकरण का कार्य प्रगति पर है, जिसके पूरा होते ही MACT (मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण) अदालतों को ऑनलाइन e-DAR से सीधे जानकारी मिल सकेगी। जिला रोलआउट मैनेजर अभिषेक विजय के अनुसार, जिले में पिछले पांच वर्षों में इस ऐप पर 2 हजार से अधिक सड़क दुर्घटना के मामले दर्ज किए गए हैं। यह पोर्टल सड़क दुर्घटनाओं के ब्लैक स्पॉट का चयन करने, दुर्घटनाओं के कारणों का विश्लेषण करने और उनकी रोकथाम में अत्यधिक उपयोगी साबित हुआ है। पिछले वर्ष सितंबर माह की तुलना में इस वर्ष सितंबर में दुर्घटनाओं के आंकड़ों में उल्लेखनीय कमी आई है। पोर्टल पर दुर्घटना में शामिल वाहन, दुर्घटना की परिस्थितियां और एफआईआर की जानकारी दर्ज की जाती है। सड़क दुर्घटना की जानकारी के लिए अनुसंधान अधिकारी मौके पर पहुंचकर एप के माध्यम से तुरन्त रिपोर्ट सी.सी.टी.एन.एस. पर दर्ज करते है। एप के माध्यम से फोटो, वीडियो और अन्य जानकारी को अपलोड किया जाता है। यह पोर्टल से जुड़ा हुआ है, इसमें 90 प्रतिशत से अधिक जानकारी सीधे -DAR पर उपलब्ध होगी।


