बिरांटिया टोल कर्मचारियों ने बुधवार को कलेक्टर कमलराम मीना को ज्ञापन दिया। टोल कर्मचारियों ने ज्ञापन में बताया कि भारतीय टोल प्लाजा अधिनियम 1851 एवं न्यूनतम मजदूरी एक्ट 1948 के तहत मजदूरी दी जाए। यदि कर्मचारी ओवर टाइम करता है तो सैलेरी का डबल पेमेंट मिलना चहिए। टोल में सीनियर कर्मचारी जैसे सुपरवाइजर शिफ्ट इंचार्ज और अन्य भेदभाव की राजनीति को बंद करें और एसी, एसटी, ओबीसी का जातिवाद बंद किया जाए। टोल कर्मचारी कोई गलती करता है तो उस कर्मचारी को तीन दिन व एक सप्ताह तक निष्कासित कर सकते हैं, परन्तु नौकरी से निकालने का कोई प्रावधान नहीं है। कर्मचारी को सप्ताह में एक अवकाश मिलना चाहिए व अवकाश का पैसा काटा नहीं जाए। टोलकर्मी को कार्य करने के दौरान किसी तरह का हादसा या दुर्घटना होती है तो उस समय कर्मचारी को पैसा नहीं काटा जाए व टोल प्लाजा पर काम करने के दौरान किसी कारण वंश मृत्यु होने पर नार्मल कवरेज 10 लाख का बीमा और दुर्घटना होने पर 20 लाख का बीमा भारतीय संविधान को मद्देनजर प्रदान किया जाए। ऐसा नहीं होने पर श्रमिक न्यायालय से कानूनी कार्यवाही की जाएगी। कर्मचारियों ने बताया कि स्टाफ की सैलेरी महीने के 1 से 8 तारीख के बीच में आ जानी चाहिए। टोल कर्मचारियों ने कलेक्टर से आग्रह किया कि टोलकर्मियों की मांग पूरा करवाने के लिए बागलिया टोल के अधिकारियों से बात करके समस्या का समाधान निकलवाएं। ज्ञापन देने के दौरान मनोज, विशाल, सुभाष, अजय सिंंह, नेता राम, मनीष कुमार, गणेशराम, गोविन्द, राहुल मौजूद थे।


