बालोद| प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय आत्मज्ञान भवन आमापारा में नव वर्ष उल्लास के साथ किया गया। बालोद और आसपास के गांवों से भाई-बहनें परमात्मा के घर पहुंचकर नए दिन और नए साल की शुरुआत की। संस्था की मुख्य संचालिका बीके विजयलक्ष्मी दीदी ने कहा कि नए साल में पुराने स्वभाव और संस्कारों को त्यागकर नई दैवी दुनिया में कदम रखने के लिए दिव्य गुण और शक्तियों को अपनाने का संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने बताया कि जनवरी को विशेष तपस्या मास के रूप में मनाया जाता है। इस दौरान सभी ब्रह्माकुमार और ब्रह्माकुमारी बहनें विशेष तपस्या करते हैं। बीके सरिता दीदी ने कहा कि नए वर्ष को बेहतर और खुशहाल बनाने के लिए हम हर साल अपने आपसे कई शुभ संकल्प, विचार और वायदे करते हैं। इनमें कुछ संकल्प सकारात्मक और दृढ़ होते हैं, जबकि कुछ नकारात्मक या कमजोर होते हैं। नकारात्मक या कमजोर संकल्प हमें जीवन में आगे बढ़ने से रोकते हैं।


