करौली जिले में शनिवार सुबह करीब 10 बजे के बाद मौसम का मिजाज बदल गया। तेज हवाओं के साथ आसमान में बादल छा गए और कई इलाकों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश व बूंदाबांदी दर्ज की गई। तेज हवाओं के कारण जिले के विभिन्न क्षेत्रों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई। इस मौसमी बदलाव से किसानों को आंशिक राहत की उम्मीद है, लेकिन ओलावृष्टि होने पर रबी की फसलों को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका भी है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, ओलावृष्टि से 50 प्रतिशत से अधिक फसल खराब हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, जिले में न्यूनतम तापमान 9 से 11 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा सकता है, जबकि अधिकतम तापमान 23 से 28 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। 30 जनवरी को भी कुछ स्थानों पर गरज के साथ हल्की बारिश और बूंदाबांदी हुई थी। मौसम विभाग ने बताया कि एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसके प्रभाव से आगामी दिनों में जिले में बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। विभाग ने गरज-चमक, हल्की बारिश, तेज हवाओं और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की संभावना भी जताई है। मौसम में अचानक आए इस बदलाव से स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को परेशानी हो सकती है। मौसमी बीमारियों के खतरे को देखते हुए चिकित्सा विभाग ने आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन ने आमजन से मौसम के प्रति सतर्क रहने की अपील की है।


