पूर्व मंत्री और कोंटा विधायक कवासी लखमा को सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल गई है। इस फैसले के बाद मंगलवार को जिला मुख्यालय बीजापुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पटाखे फोड़कर और एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी का इजहार किया। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इस फैसले को सत्य की जीत बताया। उन्होंने कहा कि “सत्य परेशान हो सकता है, लेकिन पराजित नहीं हो सकता।” नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने राजनीतिक दुर्भावना के तहत कवासी लखमा को लंबे समय तक जेल में रखा। कांग्रेस नेताओं का कहना था कि सुप्रीम कोर्ट का यह निर्णय न्यायपालिका में उनके विश्वास को और मजबूत करता है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में सच्चाई पूरी तरह सामने आएगी और कवासी लखमा पूरी तरह निर्दोष साबित होंगे। कवासी लखमा को फंसाकर जेल भेजने का काम किया बीजापुर विधायक विक्रम मंडावी ने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार ने द्वेष और षड्यंत्र के तहत जनप्रिय नेता कवासी लखमा को फंसाकर जेल भेजने का काम किया। सुप्रीम कोर्ट की ओर से जमानत दिए जाने से यह स्पष्ट हो गया है कि कांग्रेस पार्टी संविधान और न्यायालय में विश्वास रखने वाली पार्टी है।


